Top
Hari bhoomi hindi news chhattisgarh

गर्मी लगने पर रिश्तेदारों ने वेंटिलेटर का हटाकर कूलर का प्लग लगाया, कोरोना संदिग्ध पीड़ित की हुई मौत

प्लग हटाने के 30 मिनट बाद वेंटिलेटर की बिजली खत्म हो गई और मरीज की मौत हो गई। वहीं जानकारी मिलने के बाद डॉक्टरों ने मरीज पर सीपीआर भी ट्राय किया। वहीं अस्पताल के बाकी अधिकारियों का कहना है कि परिजनों ने कूलर लगाने की अनुमति नहीं ली थी।

पीएम केअर्स फंड से इस माह तैयार होंगे 14 हजार वेंटिलेटर, अभी तक 2923 की हुई डिलीवरी
X
वेंटिलेटर (फाइल फोटो)

अक्सर अस्पताल की लापरवाही के कारण मरीज की मौत की खबरे सामने आती रहती हैं। वहीं अगर रिश्तेदारों की गलती की वजह से मरीज की जान चली जाए तो आप क्या कहेंगे। ऐसी ही एक चौका देने वाला मामला राजस्थान के कोटा से सामने आया है। जहां गर्मी लगने पर रिश्तेदारों ने वेंटिलेटर का प्लग हटाकर कूलर का प्लग लगा दिया। जिसके थोड़ी देर बाद मरीज की मौत हो गई।

वेंटिलेटर का प्लग हटाकर कूलर का प्लग लगा दिया

मिली जानकारी के मुताबिक 13 जून को व्यक्ति को कोरोना वायरस संक्रमण होने के संदेह में महाराव भीम सिंह (एमबीएस) अस्पताल में एडमिट किया गया था। जिसके बाद में उस शख्स की रिपोर्ट आने पर पता चला था कि मरीज कोरोना पॉजिटिव नहीं है। वहीं तबियत ज्यादा बिगड़ने पर मरीज को अलग वार्ड में शिफ्ट कर दिया गया था। उस वार्ड में काफी गर्मी थी। जिस वजह से परिजन कूलर लेकर आगए। कूलर चलाने के लिए सॉकेट नहीं मिलने पर उन्होंने वेंटिलेटर का प्लग हटाकर कूलर का प्लग लगा दिया।

Also Read: कोरोना वायरस संक्रमण को बिना लक्षणों के ऐसे पहचानें, लापरवाही हो सकती है खतरनाक

वेंटिलेटर की बिजली खत्म हो गई और मरीज की मौत हो गई

प्लग हटाने के 30 मिनट बाद वेंटिलेटर की बिजली खत्म हो गई और मरीज की मौत हो गई। वहीं जानकारी मिलने के बाद डॉक्टरों ने मरीज पर सीपीआर भी ट्राय किया। वहीं अस्पताल के बाकी अधिकारियों का कहना है कि परिजनों ने कूलर लगाने की अनुमति नहीं ली थी। हॉस्पीटल के अधीक्षक डॉ नवीन सक्सेना ने बताया कि तीन सदस्यीय समिति घटनी की जांच करेगी।

Shagufta Khanam

Shagufta Khanam

Jr. Sub Editor


Next Story