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फिर शुरू होंगे परिवहन बैरियर, रमन सरकार ने वसूली के चलते किया था बंद

शुरू हुई सियासत, भाजपा ने सवाल उठाए, पूर्व मुख्यमंत्री और पूर्व मंत्री ने कहा- भ्रष्टाचार बढ़ेगा

फिर शुरू होंगे परिवहन बैरियर, रमन सरकार ने वसूली के चलते किया था बंद
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रायपुर. छत्तीसगढ़ में कांग्रेस सरकार 16 परिवहन बेरियर को फिर शुरू करने जा रही है। एकीकृत टैक्स प्रणाली लागू होने और विवाद, वसूली के कारण राज्य की सीमाओं पर परिवहन बेरियर और जांच चौकियों को 4 जुलाई 2017 को भाजपा सरकार ने बंद कर दिया था। कांग्रेस सरकार ने तीन साल बाद इसे 4 जुलाई को ही शुरू करने का आदेश जारी किया है।परिवहन विभाग के सचिव विजय ध्रुर्वे ने जारी आदेश में कहा गया है कि 4 जुलाई 2017 की रात 12 बजे बंद की गई राज्य की सीमाओं पर स्थापित परिवहन जांच चौकियों को आदेश होने की तारीख से फिर से शुरू किया जा रहा है।

प्रदेश की सीमाओं पर पाटेकोहरा समेत 16 परिवहन जांच चौकियां हैं। परिवहन जांच चौकियों में भ्रष्टाचार और अवैध वसूली किये जाने के बाद भाजपा सरकार ने सभी परिवहन जांच चौकियों को बंद करने का आदेश जारी किया था। राज्य में कांग्रेस की सरकार बनने के बाद अब फिर आरटीओ शुरू किए जाने का निर्णय लिया गया है। राजनांदगांव में 3 चौकियां, कबीरधाम में एक, महासमुंद में दो चौकियां, 1 चौकी बिलासपुर में, बलरामपुर में 2, कोरिया में 2, रायगढ़, बस्तर सुकमा में 1-1 और जशपुर में 2 चेकपोस्ट बनाए जाने हैं।

इन स्थानों पर बनेंगे चेक पोस्ट

पोटेकोहरा, छोटा मानपुर, मानपुर, चिल्फी, खम्हारपाली, बागबहरा, केवची, धनवार, रामानुजगंज, घुटरीटोला, चांटी, रेंगारपाली, शंख, लावाकेरा, कोंटा और धनपुंजी में चेकपोस्ट बनाया जाएगा।लूट खसोट का तंत्र, इसलिए किया बंद : रमनपूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने कहा कि बेरियर को हटाने का मतलब यह था कि लूट खसोट का तंत्र कहा जाता था, इसलिए हमने बंद किया था। यहां कई-कई किलोमीटर का जाम लगता है। कांग्रेस उन सारे काम को उलट रही है। जिन जिन चीजों का विरोध किया, आज वही कर रहे हैं, सबसे आगे बढ़कर आ रहे हैं।

एकीकृत टैक्स प्रणाली और विवादों के कारण बंद किया गया था- मूणत

पूर्व परिवहन मंत्री राजेश मूणत ने बताया कि मुक्त परिवहन के कारण एकीकृत टैक्स प्रणाली लागू होने के बाद इसे बंद करने का निर्णय लिया गया था। पूरे देश में एक टैक्स और परिवहन परमिट का टैक्स ऑनलाइन हो जाने के कारण राज्य सरकार को इसका शेयर मिल जाता था। वहीं परिवहन चेक पोस्ट पर जांच के नाम पर दुरुपयोग, अवैध वसूली और विवादों के कारण भी बंद किया गया था। उन्होंने बताया कि चेक पोस्ट से 100 करोड़ का राजस्व मिलता था, लेकिन न्यूसेंस ज्यादा होता था।

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