रतलाम। प्रदेश के रतलाम स्थित डॉ. लक्ष्मी नारायण पांडे मेडिकल कॉलेज में होली के दौरान हुआ विवाद अब गंभीर कानूनी मामले में बदल गया है। यहां एक पीजी रेसिडेंट डॉक्टर पर अपने ही साथ पढ़ने वाले छात्रों को कार से कुचलने की कोशिश करने का आरोप लगा है। इस घटना के बाद पुलिस ने आरोपी डॉक्टर के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मामला दर्ज कर लिया है। साथ ही, मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने भी इस घटनाक्रम को गंभीरता से लेते हुए इसे कॉलेज की अनुशासन समिति के पास भेज दिया है, जो जांच के बाद संबंधित छात्रों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई कर सकती है।
होली मनाते समय हुई थी यह घटना
जानकारी के अनुसार यह घटना 4 मार्च की शाम करीब चार बजे की है, जब मेडिकल कॉलेज परिसर में पीजी रेसिडेंट डॉक्टर और अन्य छात्र होली का त्योहार मना रहे थे। उसी दौरान पीजी छात्र डॉ. रजत अली खान अपनी कार लेकर उस जगह पहुंच गए जहां छात्र रंग खेल रहे थे। जब अन्य छात्रों ने उनसे वाहन को दूसरी दिशा से निकालने के लिए कहा, तो इसी बात को लेकर कहासुनी शुरू हो गई। देखते ही देखते यह मामूली विवाद बढ़कर गंभीर झगड़े में बदल गया। आरोप है कि बहस के बाद डॉ. रजत अली खान ने अपनी कार से वहां मौजूद छात्रों को कुचलने की कोशिश की।
गुस्से में छात्रों को कुचलने का प्रयास किया
बताया जाता है कि डॉ. रजत अली खान ने कार को तेज गति से छात्रों की ओर बढ़ाई और तीन बार वाहन चढ़ाने की कोशिश की। एक बार उन्होंने कार को पीछे लेकर फिर से छात्रों की ओर बढ़ाया। अचानक हुए इस घटनाक्रम से वहां मौजूद छात्र घबरा गए और अपनी सुरक्षा के लिए इधर-उधर भागने लगे। स्थिति बिगड़ती देख कुछ छात्रों ने कार को रोकने के लिए पत्थर भी फेंके, ताकि वाहन आगे न बढ़ सके। इसी दौरान दोनों पक्षों के बीच मारपीट भी हुई। इस झड़प में डॉ. रजत अली खान को सिर में चोट आई, जिसके कारण उन्हें चार से पांच टांके लगाने पड़े।
अब अनुशासन समिति लेगी फैसला
पुलिस ने डॉ. रजत अली खान की शिकायत पर भी चार पीजी छात्रों के खिलाफ मारपीट का मामला दर्ज किया। दूसरी ओर डॉ. आशीष मेरवंडिया की शिकायत के आधार पर पुलिस ने डॉ. रजत अली खान के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 110 के तहत गैर इरादतन हत्या का मामला दर्ज किया है। पुलिस का कहना है कि पूरे मामले की जांच की जा रही है और जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। इस घटना के बाद मेडिकल कॉलेज प्रशासन भी सक्रिय हो गया है। कॉलेज प्रबंधन ने पूरे मामले को अनुशासन समिति के पास भेज दिया है। डॉ. रजत अली खान को पहले भी एक बार कॉलेज से निलंबित किया जा चुका है।










