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किरदार दमदार होना चाहिए, मेल या फीमेल नहीं: सुनील ग्रोवर

सुनील जल्द ही फिल्म ''कॉफी विद डी'' में नजर आएंगे।

किरदार दमदार होना चाहिए, मेल या फीमेल नहीं: सुनील ग्रोवर
मुंबई. कॉमेडी में सुनील ग्रोवर का जवाब नहीं। कॉमेडी शो ‘कॉमेडी नाइट्स विद कपिल’ में गुत्थी के कैरेक्टर में उन्हें जबरदस्त पॉपुलैरिटी मिली थी। इन दिनों वह ‘द कपिल शर्मा शो’ में डॉ. गुलाटी के किरदार में भी लोगों को खूब भा रहे हैं। अब सुनील फिल्मों में भी छाना चाहते हैं। कल ही उनकी फिल्म ‘कॉफी विद डी’ रिलीज हुई है। विशाल मिश्रा निर्देशित इस फिल्म में सुनील एक अलग ही किरदार में नजर आ रहे हैं। बातचीत सुनील ग्रोवर से।
आप पहले भी फिल्मों में छोटे-छोटे किरदारों में नजर आए, पहली बार लीड रोल में हैं, कैसा फील कर रहे हैं?
मेरी पहली फिल्म ‘गब्बर इज बैक’ थी। अक्षय कुमार की इस फिल्म में मेरा भी इंपॉर्टेंट रोल था। हां, ‘कॉफी विद डी’ मेरी पहली ऐसी फिल्म है, जिसमें लीड रोल में हूं। इस फिल्म का हीरो एक तरह से मैं हूं। बहुत ही डिफरेंट फीलिंग है, इसे एक्सप्रेस नहीं कर सकता हूं। लेकिन सिर्फ इसलिए यह फिल्म नहीं की कि मैं इसमें लीड एक्टर हूं। फिल्म का कॉन्सेप्ट अनोखा है, मेरा किरदार बहुत इंट्रेस्टिंग है। फिल्म में जाकिर हुसैन और अंजना सुखानी जैसे एक्टर भी हैं। इसमें बहुत सारी कॉमेडी है। मैं डायरेक्टर विशाल मिश्रा का शुक्रिया अदा करना चाहूंगा कि उन्होंने मुझे इस फिल्म के लिए सेलेक्ट किया।
फिल्म में आपने अर्नब नाम के जर्नलिस्ट का रोल प्ले किया है, क्या यह जर्नलिस्ट अर्नब गोस्वामी से इंस्पायर है? जर्नलिस्ट का रोल करने के लिए क्या तैयारियां करनी पड़ीं?
जी हां, फिल्म में मैं एक न्यूज चैनल के जर्नलिस्ट अर्नब घोष का किरदार निभा रहा हूं। कैरेक्टर का नाम अर्नब रखना डायरेक्टर का आइडिया था। मुझे नहीं लगता कि यह किसी जर्नलिस्ट से इंस्पायर है, न ही मैंने किसी की कॉपी करने की कोशिश की है। जहां तक तैयारियों की बात है, तो टीवी चैनल हर कोई देखता है। मैं भी न्यूज चैनल्स देखता रहता हूं। एंकर्स कैसे इंटरव्यू लेते हैं, इस बात को गहराई से जाना-समझा। फिल्म का नाम ‘कॉफी विद डी’ इसलिए रखा गया है कि मैं डी नाम के एक डॉन का इंटरव्यू करता हूं। फिल्म की पूरी कहानी इसी प्लॉट के इर्द-गिर्द घूमती है। मैंने अपनी बॉडी लैंग्वेज पर काफी काम किया। मुझे इस बात की खुशी है कि मैं दो घंटे पर्दे पर पुरुष के रूप में दिखाई दिया। अब तक टीवी पर ज्यादातर फीमेल कैरेक्टर करता रहा, इसलिए फिल्म से थोड़ा चेंज मिला है।
आप टीवी पर फीमेल किरदार में ज्यादा निभाते हैं, क्या इस फिल्म के जरिए अपनी इमेज चेंज करना चाहते हैं?
देखिए, टीवी पर लोग मुझे उस रूप में पसंद करते हैं, यह दर्शकों का प्यार है। लोग मुझे गुत्थी के नाम से ज्यादा जानते हैं, यह अपने आप में बड़ी एचीवमेंट है। जब मेरी इस फिल्म का ट्रेलर लॉन्च मुंबई के मीठीबाई कॉलेज के वार्षिक समारोह में हुआ था, तो वहां सारे स्टूडेंट्स मुझसे एक बार गुत्थी की एक्टिंग करने की जिद करने लगे और मैंने एक्ट करके दिखाया। वे सब हंस-हंस कर लोट-पोट हो गए। मैं किरदार निभाने में यकीन रखता हूं, वह किरदार फीमेल है या मेल, यह बाद की बात है। किरदार चैलेंजिंग और मजेदार होना चाहिए।
आॅडियंस आपको फिल्म में अलग अंदाज में एक्सेप्ट करेगी, क्या इस बात को लेकर टेंशन थी?
हां, मुझे थोड़ी टेंशन जरूर थी कि पता नहीं दर्शक मुझे इस रोल में एक्सेप्ट करेंगे या नहीं। लेकिन मैं फनी आदमी हूं, हर बात में खुशी ढूंढ़ लेता हूं। फिल्म का प्लॉट अच्छा है। कहानी को मजाकिया अंदाज में फिल्माया गया है, मुझे लगता है कि दर्शक इसे जरूर पसंद करेंगे।
को-स्टार्स के साथ फिल्म में कैसा एक्सपीरियंस रहा?
मुझे खुशी है कि इस फिल्म में सभी बड़े अच्छे और काबिल लोग जुड़े थे। शान ने इस फिल्म का संगीत दिया है और समीर अनजान ने गीत लिखे हैं। जाकिर हुसैन ने इसमें डी यानी डॉन का रोल किया है। फिल्म में मेरे साथ दो-दो ब्यूटीफुल एक्ट्रेस हैं। अंजना सुखानी ने इसमें मेरी पत्नी का किरदार अदा किया है। दीपानिता शर्मा ने नेहा नाम की लड़की का रोल किया है, जो उसी चैनल से जुड़ी हुई हैं, जिसमें मैं यानी अर्नब एंकर है। इस फिल्म में काम करना मेरे लिए एक लर्निंग एक्सपीरियंस रहा।
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