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Nushrat Bharucha Interview : नुसरत ने बताया प्यार का सबसे अलग मतलब

नुसरत भरूचा तेरह साल से बॉलीवुड में हैं, उनका करियर धीरे-धीरे आगे बढ़ रहा था। लेकिन फिल्म ‘प्यार का पंचनामा’ और ‘सोनू के टीटू की स्वीटी’ जैसी फिल्मों ने उन्हें एक पॉपुलर एक्ट्रेस बना दिया। अब अपकमिंग फिल्म ‘ड्रीमगर्ल’ और ‘तुर्रम खां’ में वह किस तरह के किरदार कर रही हैं? आज वह अपने करियर को किस मुकाम पर पाती हैं? एक मुलाकात में बता रही हैं नुसरत भरूचा।

Nushrat bharuchaNushrat bharucha

रोमांटिक-कॉमिक फिल्म 'सोनू के टीटू की स्वीटी' जब सौ करोड़ क्लब में शामिल हुई तो नुसरत भरूचा के करियर को भी बहुत फायदा हुआ। वह इस फिल्म में लीड रोल में थीं। इसके बाद से ही उनके पास बड़ी फिल्मों के ऑफर आने लगे। नुसरत भरूचा को हंसल मेहता की फिल्म 'तुर्रम खां' में राजकुमार राव के साथ काम करने का मौका मिला है। वहीं वह राज शांडिल्य के डायरेक्शन में आयुष्मान खुराना के साथ फिल्म 'ड्रीम गर्ल' कर रही हैं। अपकमिंग फिल्मों और करियर से जुड़ी बातचीत नुसरत भरूचा से।

आज आप अपने करियर को किस मुकाम पर पाती हैं?

मैंने टीवी सीरियल 'किटी पार्टी' से एक्टिंग करियर की शुरुआत की थी। फिर फिल्मों से जुड़ी। फिल्म 'प्यार का पंचनामा-2' के बाद मेरा करियर बड़ी तेजी से आगे बढ़ा है। तेरह साल के करियर में मैंने बीस से भी ज्यादा फिल्में कर ली हैं। मेरी कुछ फिल्में सफल और कुछ असफल रहीं। लेकिन हर फिल्म में मेरे काम को दर्शकों ने सराहा। अब तो फिल्मकार मेरे पास फिल्मों के ऑफर लेकर आने लगे हैं। इस साल भी मेरे पास बेहतरीन फिल्में हैं। मैंने आयुष्मान खुराना के साथ एकता कपूर प्रोड्यूस फिल्म 'ड्रीम गर्ल' की शूटिंग पूरी कर ली है, जबकि हंसल मेहता डायरेक्टेड फिल्म 'तुर्रम खां' की शूटिंग शुरू हो चुकी है। इस फिल्म में मेरे साथ राजकुमार राव हैं। वहीं फिल्म 'मरजावां' में मेरा आइटम नंबर है।

आपके बारे में कहा जाता है कि आपने अब तक सिर्फ ग्लैमरस, बोल्ड रोल ही किए हैं?

मैं इस बात से सहमत नहीं हूं। मैंने बहुत ज्यादा ग्लैमरस, बोल्ड किरदार नहीं निभाए। जहां तक फिल्म 'प्यार का पंचनामा' और 'प्यार का पंचनामा-2' की बात है तो यह एक कॉमिक फिल्म थी, जो लोगों को हंसाने के लिए बनाई गई थी, ऐसे में इसके किरदारों का थोड़ा सा डिफरेंट होना जरूरी था, लेकिन फिल्म के कैरेक्टर बोल्ड नहीं थे, सभी सिंपल कैरेक्टर थे।

'ड्रीम गर्ल' और 'तुर्रम खां' जैसी फिल्में करने के बाद क्या आप फिर से 'प्यार का पंचनामा' सीरीज जैसे कैरेक्टर निभाना चाहेंगी?

अगर 'प्यार का पंचनामा' सीरीज की ही अगली फिल्म बनती है, तो जरूर करना चाहूंगी लेकिन उसमें मेरा किरदार डिफरेंट होना चाहिए। मुझे खुद को दोहराना पसंद नहीं है। मैं एक ही तरह के किरदार बार-बार नहीं निभा सकती हूं।

इस साल आपकी जो फिल्में आ रही हैं, उनके बारे में कुछ बताएंगी?

अभी इन फिल्मों को लेकर ज्यादा बात नहीं कर सकती। लेकिन फिल्म 'ड्रीम गर्ल' एक रोमांटिक कॉमेडी फिल्म है, इसमें कॉमेडी ही कॉमेडी है। राज शांडिल्य डायरेक्टेड इस फिल्म में मेरे साथ आयुष्मान खुराना और अरबाज खान हैं। इसमें मैं एक महाराष्ट्रियन लड़की डॉली शिंदे का किरदार निभा रही हूं, इस फिल्म की शूटिंग पूरी हो गई है। यह फिल्म 13 सितंबर 2019 को रिलीज होगी। जबकि 'ड्रीम गर्ल' से काफी अलग है हंसल मेहता डायरेक्टेड फिल्म 'तुर्रम खां'। यह कॉमिक फिल्म है लेकिन एक सोशल सटायर भी है। यह फिल्म भारत से जुड़े कई पहलुओं पर बात करती है। इसमें मेरे साथ राजकुमार राव हैं। इस फिल्म का निर्माण अजय देवगन, लव रंजन और अंकुर गर्ग कर रहे हैं। मिलाप झवेरी डायरेक्टेड रोमांटिक ड्रामा फिल्म 'मरजावां' में मैं आइटम नंबर भी कर रही हूं। यह फिल्म 2 अक्टूबर 2019 को रिलीज होगी।

राजकुमार राव और आयुष्मान खुराना के साथ काम करने के एक्सपीरियंस कैसे रहे?

राजकुमार राव के साथ आठ साल बाद 'तुर्रम खां' मेरी दूसरी फिल्म है, मैंने उनके साथ पहली फिल्म 'लव, सेक्स और धोखा' की थी। वह बेहतरीन कलाकार हैं। राजकुमार राव के साथ काम करने का फायदा यह होता है कि मेरी भी एक्टिंग एबिलिटी बढ़ती है, इसमें निखार आता है। जब को-एक्टर बहुत टैलेंटेड हो तो हम भी ज्यादा मेहनत करते हैं, इसका असर परफॉर्मेंस पर पड़ता है। मेरी खुशकिस्मती यह है कि फिल्म 'तुर्रम खां' के डायरेक्टर हंसल मेहता ने पहली मुलाकात में ही इस फिल्म के लिए मेरा सेलेक्शन कर लिया था। मैं तो हंसल मेहता की फिल्मों की बहुत बड़ी फैन रही हूं। फिल्म 'ड्रीम गर्ल' में मैंने आयुष्मान खुराना के साथ काम किया है। आयुष्मान खुराना अच्छे और मेहनती कलाकार हैं। कॉमेडी में उनकी टाइमिंग परफेक्ट है।

प्यार का मतलब कंपेनियनशिप

नुसरत भरूचा के लिए प्यार की परिभाषा क्या है? पूछने पर वह कहती हैं, 'वक्त के साथ मेरे लिए प्यार की परिभाषा बदलती रही है। अब मेरा मानना है कि प्यार का मतलब कंपेनियनशिप। मुझे ऐसा लाइफ पार्टनर चाहिए, जो मुझको समझ सके।'

लेखिका- शिवली त्रिपाठी

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