गुना। चर्चित हवाला केस के बाद 2017 बैच की आईपीएस अधिकारी हितिका वासल को जिले का नया पुलिस अधीक्षक नियुक्त किया गया है। यह नियुक्ति ऐसे समय में की गई है, जब पुलिस विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं और आम लोगों का भरोसा कमजोर पड़ा है। मामले को गंभीरता से लेते हुए सीएम डॉ. मोहन यादव ने तुरंत कार्रवाई के निर्देश दिए और पुराने एसपी को हटाकर नई जिम्मेदारी हितिका वासल को सौंपी। आईपीएस अधिकारी हितिका वासल एक बेहद सख्त और ईमानदार छवि वाली अधिकारी हैं। इसी लिए सीएम मोहन यादव ने उन्हें गुना की जिम्मेदारी सौंपी, जहां हवाला कांड के बाद पुलिस पर लोगों का भरोसा हिल गया है।
गुना में उनके सामने दो मुख्य चुनौतियां
इसके अलावा, गुना केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया का कार्यक्षेत्र है। इस लिए यह राजनीतिक रूप से भी काफी संवेदनशील स्थान है। हितिका वासल एक बेहद सख्त और अनुशासित अधिकारी के रूप में जानी जाती हैं। उनकी खासियत है कि फील्ड में काम करने पर ज्यादा ध्यान देती हैं। वह हमेशा ही कानून व्यवस्था को मजबूत करने और सिस्टम को बेहतर बनाने पर जोर देती रही हैं। अब जिले में उनके सामने दो सबसे बड़ी चुनौतियां हैं। पहली चुनौती अपराधों पर नियंत्रण पाने की है, जबकि दूसरी पुलिस की बिगड़ी छवि को सुधारना है।
शिक्षा और करियर की मजबूत पृष्ठभूमि
हितिका वासल मूल रूप से पंजाब के होशियारपुर क्षेत्र की रहने वाली हैं। उन्होंने शुरुआती पढ़ाई डलहौजी और चंडीगढ़ से पूरी की। इसके बाद दिल्ली विश्वविद्यालय से समाजशास्त्र में ग्रेजुएशन पूरा किया। इसके बाद आगे की पढ़ाई के लिए यूनाइटेड किंगडम (यूके) चली गईं, जहां से उन्होंने मास्टर्स डिग्री हासिल की। उन्होंने संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) परीक्षा में 121वीं रैंक हासिल कर आईपीएस अफसर बनीं। प्रशिक्षण के दौरान ही उन्होंने अपनी क्षमताओं से वरिष्ठ अधिकारियों का ध्यान आकर्षित किया था।
मप्र में कई अहम जिम्मेदारियां संभाली
अपने करियर में 2017 बैच की आईपीएस हितिका वासल ने मध्य प्रदेश के विभिन्न जिलों में अहम पदों पर काम किया है। प्रोबेशन के दौरान सतना में डीएसपी के रूप में सेवाएं दीं, जबकि इंदौर ग्रामीण में उनकी कार्यशैली को काफी सराहना मिली। हाल ही में वे इंदौर में एक विशेष यूनिट में पदस्थ थीं, जहां से उन्हें गुना भेजा गया है। गुना के हवाला मामले ने पुलिस विभाग की साख को प्रभावित किया है। इस मामले में थाना प्रभारी सहित 4 पुलिसकर्मियों के निलंबन और एसपी को हटाए जाने के बाद नियुक्त की गई पुलिस अधीक्षक हितिका वासल पर पुलिस का भरोसा बहाल करने की बड़ी जिम्मेदारी है।
राज्य सरकार का रुख एकदम स्पष्ट
इस स्थिति में नव नियुक्त पुलिस कप्तान हितिका वासल के सामने सबसे बड़ी जिम्मेदारी जिले में कानून व्यवस्था को फिर से बहाल करके पुलिस की छवि को फिर से सुधारना है। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि वह इस चुनौती से कैसे निपटती हैं और पुलिस के प्रति स्थानीय लोगों में भरोसा बहाल करने के लिए कौन से उपाय अपनाती हैं। अगर पुलिस अधीक्षक इस चुनौती को सफलतापूर्वक पूरा कर पाती हैं, तो इससे न केवल पुलिस की साख सुधरेगी, बल्कि स्थानीय लोगों का पुलिस के प्रति टूटा भरोसा भी बहाल होगा।










