Gujarat Fire News: गुजरात के सूरत शहर से एक रूह कंपाने वाली घटना सामने आई है, जहां मंगलवार की सुबह एक रिहायशी मकान में लगी भीषण आग ने एक ही परिवार की पांच जिंदगियों को लील लिया। लिंबायत इलाके की 'मीठी खाड़ी' बस्ती में हुए इस हादसे में चार महिलाओं और एक महज 4 साल के मासूम बच्चे की मौत हो गई। घर के भीतर साड़ियों की पैकिंग के लिए रखे गए ज्वलनशील पदार्थ (फोम) ने आग की लपटों को इतनी तेजी से फैलाया कि परिवार को बाहर निकलने का मौका तक नहीं मिला।
छुट्टी के दिन काम के दौरान हुआ हादसा
पुलिस के मुताबिक, यह दर्दनाक हादसा सुबह करीब 10 बजे उस समय हुआ जब परिवार तीन मंजिला मकान के भीतर साड़ियों की पैकिंग कर रहा था। मंगलवार को छुट्टी होने के कारण घर में पैकिंग के लिए इस्तेमाल होने वाली फोम शीट्स और साड़ियों का बड़ा स्टॉक जमा किया गया था। अचानक लगी आग ने देखते ही देखते विकराल रूप धारण कर लिया और पूरे घर को काले और जहरीले धुएं ने अपनी चपेट में ले लिया।
VIDEO | Surat, Gujarat: A fire broke out in a house near Mithi Khadi in the Limbayat area, killing five people, including four women and a child. Fire brigade and ambulance teams rushed to the spot and carried out rescue operations. Further investigation is underway. pic.twitter.com/vb65IahX57
— Press Trust of India (@PTI_News) March 31, 2026
शॉर्ट सर्किट से भड़की मौत की चिंगारी
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि बिजली के स्विचबोर्ड में हुए शॉर्ट सर्किट की वजह से चिंगारी निकली थी। स्विचबोर्ड के पास ही केमिकल युक्त फोम शीट्स रखी थीं, जिन्होंने तुरंत आग पकड़ ली। डीसीपी कानन देसाई ने बताया कि फोम के जलने से निकलने वाली जहरीली गैस और घने धुएं के कारण कमरे में विजिबिलिटी जीरो हो गई थी, जिससे राहत कार्य में भी काफी दिक्कतें आईं।
सुरक्षित कमरे की तलाश बनी काल
चश्मदीदों के अनुसार, जब आग फैली तो परिवार के सदस्य डर के मारे पीछे के एक कमरे में छिप गए। उन्हें लगा कि वहां वे आग से बच जाएंगे, लेकिन फोम के धुएं ने ऑक्सीजन खत्म कर दी और जहरीली गैस की वजह से सबका दम घुटने लगा। दमकल कर्मियों ने जब पीड़ितों को बाहर निकाला, तो उनकी हालत बेहद नाजुक थी। अस्पताल ले जाने के दौरान और इलाज के शुरूआती घंटों में ही पांचों ने दम तोड़ दिया।
यूपी से रोजी-रोटी कमाने आया था परिवार
हादसे का शिकार हुआ अंसारी परिवार मूल रूप से उत्तर प्रदेश का रहने वाला था। परिवार के पुरुष सदस्य काम के सिलसिले में घर से बाहर गए थे, जबकि महिलाएं और बच्चा घर पर ही पैकिंग का काम देख रहे थे। मृतकों की पहचान 65 वर्षीय शहनाज बेगम, 18 वर्षीय हुसा बेगम, 28 वर्षीय शबीना, 19 वर्षीय परवीन और 4 साल के मासूम सुभान अली के रूप में हुई है।
प्रशासनिक कार्रवाई और जांच जारी
सूरत पुलिस और दमकल विभाग की टीमें अब इस बात की जांच कर रही हैं कि क्या रिहायशी इलाके में इस तरह का व्यावसायिक काम करने के लिए जरूरी सुरक्षा मानक पूरे किए गए थे। फॉरेंसिक टीम ने भी मौके से नमूने लिए हैं। इस घटना के बाद पूरे इलाके में शोक की लहर है और पीड़ित परिवार के घर पर लोगों का तांता लगा हुआ है।










