फतेहाबाद कत्लकांड: जमीन के लिए बेटे की गर्दन कटवाने वाले पिता-भाई समेत तीन परिवारों का 'हुक्का-पानी' बंद
समाज को झकझोर देने वाली इस वारदात पर ग्राम पंचायत ने ऐतिहासिक फैसला सुनाते हुए आरोपी पिता-पुत्र समेत हत्याकांड में शामिल तीनों परिवारों का पूर्ण सामाजिक बहिष्कार कर दिया है।
फतेहाबाद के गांव महमदकी में पंचायत में हाथ उठाकर फैसले का समर्थन करते लोग।
हरियाणा के फतेहाबाद जिले के गांव महमदकी में हुए सनसनीखेज जगविंदर हत्याकांड ने पूरे समाज को झकझोर कर रख दिया है। जमीन के लालच में एक पिता और भाई ने ही अपने खून का कत्ल करवा दिया था। इस घिनौनी वारदात के बाद गांव में भारी रोष है। इस अमानवीय कृत्य पर कड़ा रुख अपनाते हुए ग्राम पंचायत और ग्रामीणों ने एक ऐतिहासिक फैसला लेते हुए हत्याकांड में लिप्त तीन परिवारों का पूर्ण रूप से सामाजिक बहिष्कार कर दिया है।
जमीन के लालच में अपनों ने ही रचा था तांडवयह खौफनाक वारदात 18 जनवरी को हुई थी, जब गांव के 28 वर्षीय युवक जगविंदर सिंह की बेरहमी से हत्या कर दी गई थी। शुरुआती जांच में यह मामला अज्ञात हमलावरों का लग रहा था, लेकिन जब पुलिस ने कड़ियां जोड़ीं तो सच्चाई जानकर सबके होश उड़ गए। रतिया की एएसपी दिव्यांशी सिंगला के अनुसार जगविंदर की हत्या किसी और ने नहीं, बल्कि उसके सगे पिता अवतार सिंह और सगे भाई तरनप्रीत सिंह ने मिलकर करवाई थी। हत्या की इस खूनी साजिश के पीछे जमीन का विवाद मुख्य वजह सामने आया है।
सवा लाख की सुपारी देकर कटवाई गर्दन
पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि आरोपियों ने जगविंदर को रास्ते से हटाने के लिए पेशेवर अपराधियों की तरह सुपारी दी थी। पिता और भाई ने गांव के ही दो व्यक्तियों अवतार और चमकौर सिंह को 1 लाख 20 हजार रुपये का लालच दिया था। 18 जनवरी को जब जगविंदर खेत में काम करने गया था, तब सुपारी लेने वाले आरोपियों ने कस्सी (कृषि उपकरण) से वार कर उसकी गर्दन काट दी, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
मेलजोल रखने वालों को भी मिलेगी सजा
इस नृशंस हत्याकांड से गुस्साए ग्रामीणों ने पंचायत बुलाई। सरपंच प्रतिनिधि हरदेव सिंह की मौजूदगी में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि इस कत्ल की साजिश रचने वाले और अंजाम देने वाले तीनों परिवारों के साथ गांव का कोई भी व्यक्ति संबंध नहीं रखेगा। पंचायत ने साफ किया कि इन परिवारों का सामाजिक बहिष्कार किया जाता है। साथ ही यह चेतावनी भी दी गई कि यदि गांव का कोई भी व्यक्ति चोरी-छिपे इन परिवारों से मेलजोल रखेगा या उनकी मदद करेगा तो उस व्यक्ति को भी गांव के बहिष्कार का सामना करना पड़ेगा।
मुख्य आरोपी पिता-पुत्र पुलिस की गिरफ्त में
पुलिस ने कार्रवाई कर मृतक के आरोपी पिता अवतार सिंह और भाई तरनप्रीत सिंह को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस उनसे लगातार पूछताछ कर रही है ताकि हत्याकांड की कड़ियों को और मजबूती से जोड़ा जा सके। एएसपी ने बताया कि सुपारी लेने वाले आरोपियों की भूमिका और इस मामले में शामिल अन्य संभावित चेहरों की गहनता से जांच की जा रही है। गांव में पुलिस बल भी स्थिति पर नजर बनाए हुए है।
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