कुआलालंपुर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शनिवार को 8 वर्षों के अंतराल के बाद दो दिवसीय आधिकारिक दौरे पर मलेशिया पहुंचे। कुआलालंपुर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर मलेशिया के प्रधानमंत्री अनवर इब्राहिम ने प्रोटोकॉल तोड़ते हुए स्वयं उनका स्वागत किया और अपनी कार से कार्यक्रम स्थल तक ले गए। अनवर इब्राहिम द्वारा पीएम मोदी को अपनी सीट पर बैठाना भारत और भारतीय समुदाय के प्रति विशेष सम्मान का प्रतीक माना जा रहा है।
इसके बाद कुआलालंपुर में आयोजित कार्यक्रम में पीएम मोदी ने बड़ी संख्या में मौजूद भारतीय समुदाय को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि पिछले वर्ष आसियान शिखर सम्मेलन के दौरान वे मलेशिया नहीं आ सके थे, लेकिन अपने मित्र अनवर इब्राहिम से जल्द आने का वादा किया था, जिसे आज पूरा किया। पीएम मोदी ने इसे वर्ष 2026 की अपनी पहली विदेश यात्रा बताया।
Grateful for the warmth of the Indian diaspora in Kuala Lumpur. Our diaspora continues to serve as a strong bridge between India and Malaysia. Addressing a community programme.
— Narendra Modi (@narendramodi) February 7, 2026
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अपने संबोधन में प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भारत में विकसित UPI पेमेंट सिस्टम को जल्द ही मलेशिया में लॉन्च किया जाएगा, जिससे दोनों देशों के नागरिकों को डिजिटल लेनदेन में सुविधा मिलेगी। उन्होंने तमिल भाषा और संस्कृति की सराहना करते हुए कहा कि तमिल परंपरा ने मानवता की सेवा में महत्वपूर्ण योगदान दिया है।
पीएम मोदी ने गर्व के साथ बताया कि भारत के उपराष्ट्रपति, विदेश मंत्री, वित्त मंत्री और केंद्रीय राज्य मंत्री- सभी तमिलनाडु से हैं। इस दौरान उनके हल्के-फुल्के अंदाज पर कार्यक्रम स्थल पर मौजूद लोग मुस्कुरा उठे।
प्रधानमंत्री ने मलेशियाई पीएम अनवर इब्राहिम की गायन प्रतिभा का भी उल्लेख किया और कहा कि वे भारतीय फिल्मों और तमिल गीतों के शौकीन हैं। इस टिप्पणी पर अनवर इब्राहिम भी मुस्कुरा उठे।
कार्यक्रम में लगभग 800 कलाकारों ने भारतीय शास्त्रीय और लोक नृत्य की प्रस्तुतियां दीं। मलेशिया में भारतीय मूल के लोगों की बड़ी आबादी दोनों देशों के बीच सांस्कृतिक और भावनात्मक सेतु का कार्य करती है। यह दौरा भारत-मलेशिया की व्यापक रणनीतिक साझेदारी को और मजबूती देने की दिशा में अहम माना जा रहा है।
अनवर इब्राहिम के साथ व्यक्तिगत दोस्ती और आपसी सम्मान
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि उनकी और मलेशिया के प्रधानमंत्री अनवर इब्राहिम की दोस्ती उनके प्रधानमंत्री बनने से भी पहले की है। उन्होंने अनवर इब्राहिम की सुधारों पर केंद्रित सोच, उनकी बुद्धिमत्ता और वर्ष 2025 में आसियान की अध्यक्षता को लेकर उनकी कुशल नेतृत्व क्षमता की खुलकर सराहना की।
पीएम मोदी ने मलेशिया की बहु-सांस्कृतिक पहचान को रेखांकित करते हुए संक्रांति, पोंगल, थाईपुसम, आगामी महाशिवरात्रि, रमजान और हरि राया (ईद) की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि यही विविधता मलेशिया को खास बनाती है।
भारत की आर्थिक प्रगति और वैश्विक पहचान
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भारत आज दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्थाओं में शामिल है। उन्होंने भारत की उपलब्धियों का जिक्र करते हुए बताया-
- ‘मेक इन इंडिया’ के बाद भारत दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा मोबाइल मैन्युफैक्चरर बन चुका है
- वर्ष 2014 के बाद से डिफेंस एक्सपोर्ट करीब 30 गुना बढ़ा
- भारत आज दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा स्टार्टअप हब है
- देश ने डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर और फिनटेक के क्षेत्र में वैश्विक पहचान बनाई
- पिछले एक दशक में सोलर एनर्जी क्षमता लगभग 40 गुना बढ़ी
उन्होंने कहा कि पहले भारत को सिर्फ एक बड़ा बाजार माना जाता था, लेकिन आज वह निवेश और व्यापार का भरोसेमंद केंद्र बन चुका है।
भारत-मलेशिया के सांस्कृतिक और ऐतिहासिक रिश्ते
पीएम मोदी ने कहा कि भारत और मलेशिया के दिलों को इतिहास, संस्कृति और परंपराएं जोड़ती हैं। उन्होंने हाल ही में अनवर इब्राहिम के साथ देखी गई एक प्रदर्शनी का जिक्र किया, जो दोनों देशों के साझा संबंधों को खूबसूरती से दर्शाती है।
प्रधानमंत्री ने मलेशिया में बसे भारतीय समुदाय को दोनों देशों के बीच “मजबूत पुल” बताया। उन्होंने मलेशिया की आजादी की लड़ाई में भारतीय मूल के लोगों के योगदान को भी याद किया। कई ऐसे लोग थे, जिन्होंने भारत कभी नहीं देखा, फिर भी इंडियन नेशनल आर्मी में शामिल होकर बलिदान दिया।
पीएम मोदी ने मलेशिया में पीढ़ियों से भारतीय परंपराओं और भाषाओं को जीवित रखने की सराहना की। उन्होंने ‘मन की बात’ कार्यक्रम का उल्लेख करते हुए बताया कि मलेशिया के 500 से ज्यादा स्कूलों में भारतीय भाषाएं पढ़ाई जाती हैं, जिसकी जानकारी उन्होंने देश के 1.4 अरब लोगों के साथ साझा की थी।
PM मोदी बोले– मलेशिया के साथ ऐतिहासिक रिश्तों को नई ऊंचाई देंगे

मलेशिया रवाना होने से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने ब्लॉग में भारत-मलेशिया रिश्तों को लेकर विश्वास जताया। उन्होंने लिखा कि वे अपने मित्र और मलेशिया के प्रधानमंत्री अनवर इब्राहिम के आमंत्रण पर आधिकारिक यात्रा पर जा रहे हैं और इस दौरान दोनों देशों की व्यापक रणनीतिक साझेदारी को नई दिशा देने पर चर्चा होगी।
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि हाल के वर्षों में भारत और मलेशिया के ऐतिहासिक संबंधों में लगातार प्रगति हुई है। उनकी बातचीत का फोकस रक्षा और सुरक्षा सहयोग को मजबूत करने, आर्थिक और नवाचार साझेदारी को आगे बढ़ाने तथा सहयोग के नए क्षेत्रों की पहचान पर रहेगा।
अपने ब्लॉग में पीएम मोदी ने मलेशिया में रह रहे भारतीय समुदाय का विशेष उल्लेख करते हुए कहा कि लगभग 30 लाख की आबादी के साथ वे दुनिया के सबसे बड़े भारतीय डायस्पोरा में से एक हैं। मलेशिया की प्रगति में उनके योगदान और भारत-मलेशिया के बीच जीवंत सेतु के रूप में उनकी भूमिका दोनों देशों की ऐतिहासिक मित्रता को मजबूत आधार प्रदान करती है।











