पिछले कई महीनों से इजरायल और लेबनान की सीमा पर गूंजते धमाकों और हिजबुल्लाह-इजरायल के बीच जारी भीषण तनाव पर फिलहाल 'विराम' लग गया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने वाशिंगटन से एक ऐसा ऐलान किया है जिसने पूरी दुनिया को चौंका दिया।
राष्ट्रपति ट्रंप की मध्यस्थता के बाद इजरायल और लेबनान 10 दिनों के संघर्ष विराम के लिए सहमत हो गए हैं। यह समझौता केवल एक सैन्य विराम नहीं है, बल्कि इसे ट्रंप प्रशासन की उस 'पीस कूटनीति' की शुरुआत माना जा रहा है, जिसका वादा उन्होंने अपने चुनाव प्रचार के दौरान किया था।
PRESIDENT TRUMP: We just made a deal with Lebanon. We have a ceasefire with Israel and Lebanon. They’ll probably come to the White House over the next 4-5 days, the first time they’ve met in 44 years. pic.twitter.com/nVpUMPpqkD
— Department of State (@StateDept) April 16, 2026
ट्रंप का धमाका: "मैंने अब तक 10 युद्ध रुकवाए"
अमेरिकी राष्ट्रपति ने इस सीजफायर का ऐलान करते हुए अपनी पीठ खुद थपथपाई है। ट्रंप ने 'ट्रुथ सोशल' पर लिखा कि वाशिंगटन में इजरायल और लेबनान के प्रतिनिधियों के बीच हुई सफल वार्ता के बाद आज शाम 5 बजे (EST) से बंदूकें शांत हो जाएंगी।
🚨 BREAKING: Trump says Israel, Lebanon agree to 10-day ceasefire beginning at 5 pm Eastern pic.twitter.com/M2L80UzcJE
— Fox News (@FoxNews) April 16, 2026
ट्रंप ने गर्व से कहा, "दुनिया भर में 9 युद्धों को सुलझाना मेरे लिए सम्मान की बात रही है और यह मेरा 10वां सफल प्रयास है।" उन्होंने इसे अपनी 'मेक अमेरिका ग्रेट अगेन' विदेश नीति का हिस्सा बताया।
34 साल बाद ऐतिहासिक मुलाकात: वाशिंगटन में बनी सहमति
इस समझौते की सबसे बड़ी और गंभीर बात यह है कि 1983 के बाद पहली बार इजरायल और लेबनान के उच्चस्तरीय प्रतिनिधि एक साथ एक मेज पर बैठे।
प्रमुख भूमिका: अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो और उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने इस पूरी बातचीत की स्क्रिप्ट तैयार की।
व्हाइट हाउस का न्योता: ट्रंप ने इजरायली पीएम बेंजामिन नेतन्याहू और लेबनानी राष्ट्रपति जोसेफ आउन को जल्द ही व्हाइट हाउस आने का न्योता दिया है ताकि इस 10 दिनों के विराम को 'स्थायी शांति' में बदला जा सके।
लेबनान का आभार और इजरायल की रणनीतिक चुप्पी
लेबनान के राष्ट्रपति जोसेफ आउन ने डोनाल्ड ट्रंप से फोन पर बात कर इस पहल के लिए उनका आभार जताया है। लेबनान की ओर से कहा गया कि यह समझौता बेगुनाह नागरिकों की जान बचाने के लिए बेहद ज़रूरी था।
वहीं, इजरायल की ओर से फिलहाल रणनीतिक चुप्पी है, लेकिन माना जा रहा है कि प्रधानमंत्री नेतन्याहू ने ट्रंप के साथ अपने निजी और बेहतर रिश्तों के सम्मान में इस 10 दिनों के विराम को हरी झंडी दी है।
क्या है 10 दिनों के विराम का 'सस्पेंस'?
रक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि यह 10 दिनों का समय दोनों पक्षों के लिए 'टेस्टिंग पीरियड' जैसा है।
- स्थायी समाधान: इस दौरान दोनों पक्ष एक स्थायी रोडमैप बनाएंगे।
- हिजबुल्लाह पर नियंत्रण: अमेरिका की शर्त है कि लेबनान सरकार अपनी सीमा के भीतर हिजबुल्लाह की गतिविधियों पर लगाम लगाए।
- मानवीय सहायता: इन 10 दिनों में लेबनान के प्रभावित इलाकों में बड़े पैमाने पर मानवीय सहायता पहुँचाई जाएगी।










