Raisen Fort Viral Video मध्यप्रदेश। "हम ईरान का साथ देने जा रहे हैं, अल्लाह हू अकबर...."भोपाल के रायसेन किले से तोप चलाने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल था। अब जानकारी सामने आई है कि, पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इनमें शादाब कुरैशी, यूसुफ शेख, वसीम मोहम्मद, सलमान कुरैशी शामिल हैं। हालांकि ऐसा भी कहा जा रहा है कि रमजान में सहरी-इफ्तार की सूचना देने के लिए रोजाना ये तोप चलाई जाती है।
बता दें कि, वायरल वीडियो में चार युवक कह रहे हैं कि, 'हम ईरान का साथ देने जा रहे हैं।' इसके बाद चारों ने अल्लाह-हु-अकबर का नारा भी लगाया। इसके बाद माचिस से तोप को जला दिया गया। वीडियो दानिश स्टार नाम के इंस्टाग्राम हैंडल से शेयर किया गया। इसे चार हजार से अधिक लोग देख चुके थे और 1200 से अधिक बार शेयर किया जा चुका है।
प्रियांक कानूनगो ने की थी एक्शन की मांग
NHRC सदस्य प्रियांक कानूनगो ने अलग-अलग सोशल मीडिया साइट्स पर वीडियो शेयर करते हुए लिखा था कि, 'मध्यप्रदेश के रायसेन में पुरातत्व विभाग द्वारा संरक्षित किले की सफील से आवासीय बस्ती के ऊपर देसी अवैध तोप चलाकर जनजीवन को खतरे में डाल रहे यह शोहदे ईरान और रमजान के नाम पर भय फैला रहे हैं। यहीं स्थित महादेव के मंदिर में हिंदुओं को दर्शन करने से बड़ी मुस्तैदी से रोकने वाले आर्कियोलॉजिकल सर्वे ऑफ इंडिया तथा स्थानीय प्रशासन के अफसरों को उतनी ही तत्परता के साथ इन लफंगों पर अवैध हथियार बनाने, गोला बारूद चलाने, दहशत फैलाने, नागरिकों के जीवन को खतरे में डालने और पुरातत्व धरोहर को नुकसान पहुंचाने के लिए मुकदमा बना लेना चाहिए।'
आरोपियों से पूछताछ जारी
शिकायत मिलने पर चारों के खिलाफ केस दर्ज किया और उन्हें गिरफ्तार कर लिया। पुलिस का कहना है कि, चारों से पूछताछ की जा रही है। इस बात की भी जानकारी निकाली जा रही है कि, वीडियो के पीछे और कौन-कौन शामिल है।










