A PHP Error was encountered
Severity: Warning
Message: Undefined variable $summary
Filename: widgets/story.php
Line Number: 3
Backtrace:
File: /content/websites/front-hbm/application/views/themes/mobile/widgets/story.php
Line: 3
Function: _error_handler
File: /content/websites/front-hbm/application/views/themes/amp/story.php
Line: 39
Function: view
File: /content/websites/front-hbm/application/libraries/Sukant.php
Line: 507
Function: view
File: /content/websites/front-hbm/application/libraries/Sukant.php
Line: 341
Function: loadAmpTheme
File: /content/websites/front-hbm/application/controllers/Content.php
Line: 303
Function: contentStorypageAmp
File: /content/websites/front-hbm/index.php
Line: 319
Function: require_once
Rewari: राजस्थान में एक ज्वैलरी शॉप से 10 लाख रुपए से अधिक राशि के सोने के जेवरात चोरी करने के बाद आरोपी जिले के गांव मनेठी में शरण लेकर रह रहा था। गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस ने आरोपी को पकड़ लिया और राजस्थान पुलिस के हवाले कर दिया। आवश्यक औपचारिकताएं पूरी करने के बाद राजस्थान पुलिस आरोपी को अपने साथ ले गई। पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है।
10 लाख के जेवर चोरी कर भागकर आया था आरोपी
जिला पुलिस को सूचना मिली थी कि चित्तोड़गढ़ के कपासन में लगभग 10 लाख रुपए के सोने के जेवर चोरी करने के बाद फरार हुआ आरोपी खोल एरिया के मनेठी गांव में छुपा हुआ है। इसके बाद जिला पुलिस ने उसे काबू कर लिया। आरोपी हिसार के महावीर नगर निवासी जसवंत बताया गया है। पुलिस ने उसे काबू करने के बाद उसके कब्जे से मिले स्वर्ण आभूषणों का वजन कराया, तो वजन 150 ग्राम निकला। इन आभूषणों की कीमत 10 लाख रुपए से ज्यादा बताई गई है। पुलिस ने उसे काबू करने के बाद राजस्थान पुलिस को सूचित किया। इसके बाद राजस्थान पुलिस उसे अपने साथ ले गई।
दो महिलाओं के साथ वारदात को अंजाम
पूछताछ के दौरान आरोपी जसवंत ने बताया कि उसने अपनी दो महिला सहयोगियों के साथ मिलकर एक ज्वैलर की दुकान में चोरी की वारदात को अंजाम दिया था। राजस्थान पुलिस को चकमा देने के बाद वह दो-तीन दिन से मनेठी में ही छुपा हुआ था। राजस्थान पुलिस उसे कस्टडी में लेने के बाद अपने साथ कपासन ले गई।
अपराधियों को नहीं दी जाएगी पनाह
एसपी शशांक कुमार सावन ने बताया कि दूसरे जिलों या राज्यों में आपराधिक वारदातों को अंजाम देने वाले लोगों के लिए जिले में कोई जगह नहीं है। ऐसे अपराधियों का पता चलते ही उन्हें संबंधित पुलिस के हवाले किया जा रहा है। पूर्व में भी कई बार ऐसे लोगों को काबू करने के बाद संबंधित पुलिस के हवाले किया जा चुका है।
