Bihar Budget Session: बिहार विधानमंडल के बजट सत्र में कानून व्यवस्था के मुद्दे पर सियासी पारा चढ़ गया है। शुक्रवार को विधान परिषद की कार्यवाही के दौरान विपक्षी सदस्यों ने राज्य में महिलाओं के खिलाफ बढ़ते अपराधों को लेकर नीतीश सरकार पर तीखा हमला बोला। नेता प्रतिपक्ष राबड़ी देवी ने फरवरी महीने के आंकड़े पेश करते हुए सरकार की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े किए।
सदन में राबड़ी देवी ने पेश किए डरावने आंकड़े
बिहार विधान परिषद की कार्यवाही के दौरान नेता प्रतिपक्ष राबड़ी देवी ने राज्य में महिलाओं और छोटी बच्चियों की सुरक्षा को लेकर चिंता जताई। उन्होंने दावा किया कि फरवरी महीने के शुरुआती 20 दिनों में ही बिहार के अलग-अलग जिलों में रेप की 35 घटनाएं सामने आ चुकी हैं।
राबड़ी देवी ने कहा कि अपराधियों का मनोबल इतना बढ़ गया है कि वे बच्चियों के साथ दरिंदगी करने के बाद उनकी हत्या तक कर रहे हैं। उन्होंने सभापति के माध्यम से सरकार से पूछा कि इन घटनाओं को रोकने के लिए प्रशासन के पास क्या ठोस योजना है।
सुनील सिंह ने पुलिस प्रशासन की विफलता पर उठाए सवाल
राजद एमएलसी सुनील सिंह ने राबड़ी देवी के सुर में सुर मिलाते हुए कहा कि उनके पास फरवरी में हुए बलात्कारों की पूरी सूची मौजूद है। उन्होंने आरोप लगाया कि बिहार पुलिस असली अपराधियों को पकड़ने के बजाय सांसदों और आईपीएस अधिकारियों को परेशान करने में व्यस्त है।
सुनील सिंह ने कहा कि अपराधियों में प्रशासन का कोई खौफ नहीं रह गया है और सरकार केवल कागजी कार्रवाई तक सीमित है।
मंत्री सुनील कुमार ने सरकार का पक्ष रखा
विपक्ष के तीखे हमलों के बीच नीतीश सरकार के मंत्री सुनील कुमार ने सदन में जवाब दिया। उन्होंने कहा कि सरकार इन घटनाओं को लेकर अत्यंत संवेदनशील है और ऐसी हर वारदात की कड़ा शब्दों में भर्त्सना करती है। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार की नीति और नीयत बिल्कुल साफ है। कानून का उल्लंघन करने वाले को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।
मंत्री ने आश्वासन दिया कि सभी संबंधित मामलों में त्वरित जांच की जा रही है और दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
तेजस्वी यादव का नीतीश कुमार पर हमला
लॉ एंड ऑर्डर के मसले पर विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी। तेजस्वी ने कहा कि बिहार में आज अपराधी खुद को विजेता समझ रहे हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर तंज कसते हुए कहा कि वह अब कमजोर पड़ चुके हैं, तभी 10 बार शपथ लेने के बावजूद उन्हें पहली बार गृह विभाग भाजपा के हवाले करना पड़ा है।
तेजस्वी ने आरोप लगाया कि सरकार अपराधियों को संरक्षण दे रही है, जिससे आम जनता के बीच असुरक्षा का भाव पैदा हो गया है।










