Logo
Long Sitting Work: ऑफिस में डेस्क जॉब हो तो घंटों तक ऐसा जैसा बैठे रहना पड़ता है। इससे कई शारीरिक समस्याएं पैदा हो सकती हैं।

Long Sitting Work: आज के दौर में ऑफिस की ज्यादातर नौकरियां कुर्सी और स्क्रीन तक सिमटकर रह गई हैं। सुबह से शाम तक कंप्यूटर के सामने बैठकर काम करना अब आम बात हो चुकी है। शुरुआत में यह आरामदायक लग सकता है, लेकिन लंबे समय तक एक ही पोजिशन में बैठना धीरे-धीरे शरीर को नुकसान पहुंचाने लगता है, जिसका एहसास कई लोगों को तब होता है जब परेशानी बढ़ चुकी होती है।

हेल्थ एक्सपर्ट्स मानते हैं कि घंटों बैठकर काम करना 'साइलेंट हेल्थ रिस्क' बन चुका है। इससे न सिर्फ पीठ और गर्दन दर्द की समस्या होती है, बल्कि कई गंभीर बीमारियों का खतरा भी बढ़ सकता है। अगर समय रहते सावधानी न बरती जाए, तो ये छोटी-छोटी दिक्कतें बड़ी परेशानी में बदल सकती हैं।

लगातार बैठने से होने वाली हेल्थ प्रॉब्लम्स

कमर और पीठ दर्द की समस्या
लंबे समय तक कुर्सी पर बैठने से रीढ़ की हड्डी पर लगातार दबाव पड़ता है। गलत पोस्चर में बैठने से लोअर बैक पेन और कमर जकड़ने की समस्या आम हो जाती है। कई लोगों को उठते-बैठते दर्द महसूस होने लगता है, जो आगे चलकर स्लिप डिस्क जैसी समस्या का रूप ले सकता है।

गर्दन और कंधों में जकड़न
कंप्यूटर स्क्रीन की ओर झुककर बैठना गर्दन और कंधों की मांसपेशियों पर असर डालता है। इससे सर्वाइकल पेन, सिरदर्द और कंधों में अकड़न होने लगती है। लगातार मोबाइल या लैपटॉप देखने से यह परेशानी और भी बढ़ सकती है।

वजन बढ़ने का खतरा
लंबे समय तक बैठे रहने से शरीर की कैलोरी बर्न होने की प्रक्रिया धीमी हो जाती है। फिजिकल एक्टिविटी की कमी के कारण वजन तेजी से बढ़ सकता है, जिससे मोटापा, डायबिटीज और दिल से जुड़ी बीमारियों का खतरा भी बढ़ जाता है।

पाचन से जुड़ी समस्याएं
ज्यादा देर तक बैठकर काम करने से पाचन तंत्र पर भी असर पड़ता है। कब्ज, गैस और एसिडिटी जैसी समस्याएं आम हो जाती हैं। गलत समय पर खाना और पर्याप्त मूवमेंट न होना इसकी बड़ी वजह मानी जाती है।

ब्लड सर्कुलेशन पर असर
लगातार बैठे रहने से पैरों में ब्लड सर्कुलेशन प्रभावित होता है। इससे पैरों में सूजन, सुन्नपन और झनझनाहट की समस्या हो सकती है। कुछ मामलों में यह समस्या वैरिकोज वेन्स जैसी गंभीर स्थिति का कारण भी बन सकती है।

इन बातों का रखें खास ध्यान

  • हर 30-40 मिनट में अपनी सीट से उठकर थोड़ी देर टहलें।
  • काम करते समय सीधी कमर और सही पोस्चर बनाए रखें।
  • ऑफिस में हल्की स्ट्रेचिंग एक्सरसाइज को रूटीन में शामिल करें।
  • पानी पर्याप्त मात्रा में पिएं और जंक फूड से दूरी बनाएं।
  • अगर संभव हो तो स्टैंडिंग डेस्क या एर्गोनॉमिक चेयर का इस्तेमाल करें।

(Disc।aimer: इस आर्टिकल में दी गई सामग्री सिर्फ जानकारी के लिए है। हरिभूमि इनकी पुष्टि नहीं करता है। किसी भी सलाह या सुझाव को अमल में लेने से पहले किसी डॉक्टर/विशेषज्ञ से परामर्श जरूर लें।)

अगर आपको यह खबर उपयोगी लगी हो, तो इसे सोशल मीडिया पर शेयर करना न भूलें और हर अपडेट के लिए जुड़े रहिए [haribhoomi.com] के साथ।
 

5379487