Turmeric Test: हल्दी की मिलावट चुटकियों में पहचानें! इन तरीकों से परख सकेंगे शुद्धता
Turmeric Test: हल्दी एक ऐसा मसाला है जो कि हर घर में रोजाना उपयोग किया जाता है। ऐसे में आप जो हल्दी उपयोग कर रहे हैं उसकी शुद्धता सुनिश्चित करना जरूरी है।
हल्दी की मिलावट पहचानने के तरीके।
Turmeric Purity Test: रसोई में हल्दी सिर्फ एक मसाला नहीं, बल्कि सेहत का मजबूत सहारा मानी जाती है। चोट लगे तो हल्दी, सर्दी-जुकाम हो तो हल्दी वाला दूध हर घर में इसका इस्तेमाल आम है। लेकिन बाजार में बढ़ती मिलावट ने इस भरोसेमंद मसाले पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं।
सस्ती हल्दी में रंग और वजन बढ़ाने के लिए केमिकल, स्टार्च या मिट्टी तक मिलाई जा रही है, जो सेहत के लिए नुकसानदायक हो सकती है। ऐसे में जरूरी है कि आप घर पर ही कुछ आसान तरीकों से हल्दी की शुद्धता की पहचान करना सीखें।
हल्दी की मिलावट पहचानने के तरीके
पानी से करें हल्दी की शुद्धता की जांच: एक गिलास साफ पानी लें और उसमें आधा चम्मच हल्दी पाउडर डालें। अब बिना हिलाए कुछ देर छोड़ दें। अगर हल्दी शुद्ध है तो वह नीचे बैठ जाएगी और पानी साफ रहेगा। वहीं, अगर पानी पीला या मटमैला हो जाए तो समझ लें कि उसमें रंग या केमिकल मिलावट हो सकती है।
नींबू या सिरके से पहचानें केमिकल मिलावट: थोड़ी सी हल्दी एक प्लेट में लें और उस पर नींबू का रस या सिरका डालें। अगर हल्दी में केमिकल डाई या मेटानिल येलो मिला है तो रंग में झाग या गहरा लालपन दिखाई देगा। शुद्ध हल्दी में ऐसा कोई रिएक्शन नहीं होता।
हथेली पर रगड़कर करें टेस्ट: हथेली पर चुटकी भर हल्दी लेकर हल्के हाथ से रगड़ें। अगर हल्दी जरूरत से ज्यादा पीली रंगत छोड़ती है और हाथ धोने पर भी रंग नहीं जाता, तो यह सिंथेटिक कलर की निशानी हो सकती है। असली हल्दी का रंग हल्का होता है और आसानी से साफ हो जाता है।
गर्म पानी से करें स्टार्च की जांच: एक कटोरी गर्म पानी लें और उसमें हल्दी डालें। अगर हल्दी में स्टार्च मिला होगा तो पानी गाढ़ा हो जाएगा। शुद्ध हल्दी पानी में घुलकर नीचे बैठ जाती है, लेकिन पानी की बनावट नहीं बदलती।
कच्ची हल्दी से करें तुलना: अगर संभव हो तो कच्ची हल्दी (हल्दी की गांठ) का पाउडर घर पर बनाएं और बाजार की हल्दी से रंग, खुशबू और स्वाद की तुलना करें। शुद्ध हल्दी की खुशबू तेज और मिट्टी जैसी होती है, जबकि मिलावटी हल्दी में यह प्राकृतिक सुगंध नहीं मिलती।
क्यों नुकसानदायक है मिलावटी हल्दी?
मिलावटी हल्दी में इस्तेमाल होने वाले केमिकल लिवर, पेट और स्किन से जुड़ी समस्याएं पैदा कर सकते हैं। लंबे समय तक इसका सेवन इम्युनिटी कमजोर करने के साथ गंभीर बीमारियों का कारण भी बन सकता है।
शुद्ध हल्दी खरीदते समय रखें ये ध्यान
हमेशा भरोसेमंद ब्रांड या स्थानीय किसान से हल्दी लें। ज्यादा चमकीले रंग वाली हल्दी से बचें और हो सके तो साबुत हल्दी खरीदकर घर पर पीसें।
अगर आपको यह खबर उपयोगी लगी हो, तो इसे सोशल मीडिया पर शेयर करना न भूलें और हर अपडेट के लिए जुड़े रहिए [haribhoomi.com] के साथ।