जबलपुर। शहर में साइबर ठगी का एक गंभीर मामला सामने आया है, जिसमें एक महिला से 2.27 करोड़ की बड़ी रकम ठग ली गई। इस मामले में पुलिस की साइबर सेल और क्राइम ब्रांच ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। ये आरोपी हरियाणा के पानीपत और मध्य प्रदेश के नरसिंहपुर क्षेत्र के रहने वाले बताए जा रहे हैं। महिला की शिकायत के आधार पर शुरू हुई जांच में पूरे नेटवर्क का खुलासा हुआ। जांच में सामने आया कि आरोपियों ने महिला को शेयर बाजार में निवेश से लाभ दिलाने का लालच दिया।
रोज 5% लाभ दिलाने का किया वादा
उन्होंने दावा किया कि वे प्रतिदिन 5 प्रतिशत तक का मुनाफा दिला सकते हैं और लंबी अवधि में निवेश करने पर 500 प्रतिशत तक रिटर्न मिलेगा। इस तरह के असामान्य और आकर्षक वादों के जरिए पहले महिला का भरोसा जीता और धीरे-धीरे उससे बड़ी रकम निवेश करवा ली। आरोपियों ने पूरी योजना को पेशेवर तरीके से अंजाम दिया। उन्होंने फर्जी कंपनियां बनाकर कई बैंक खातों को संचालित किया, जिनके माध्यम से ठगी की रकम को अलग-अलग जगहों पर ट्रांसफर किया जाता था।
अभिषेक को नागपुर जेल से लाया गया
पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि एक खाते से करीब 20 लाख रुपए अन्य साथियों के खातों में भेजे गए, जिससे इस गिरोह के बड़े नेटवर्क का पता चलता है। इस मामले में एक आरोपी अभिषेक विश्वकर्मा को नागपुर की केंद्रीय जेल से प्रोडक्शन वारंट के जरिए जबलपुर लाया गया। वह पहले से ही साइबर अपराध के अन्य मामलों में शामिल रहा है और उसके खिलाफ नागपुर और मुंबई में भी केस दर्ज हैं। बाकी दो आरोपियों, रोहित भगोरिया और तरुण की गिरफ्तारी के बाद उससे जुड़ी कड़ियां सामने आईं।
तीनों आरोपियों से पूछताछ जारी
पूरी कार्रवाई पुलिस अधीक्षक सम्पत उपाध्याय के निर्देशन में की गई, जिसमें अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक और अन्य अधिकारियों की टीम भी शामिल रही। फिलहाल तीनों आरोपियों को पुलिस रिमांड पर लेकर पूछताछ जारी है, ताकि इस गिरोह से जुड़े अन्य लोगों और ठगी के तरीकों की जानकारी जुटाई जा सके। इस घटना के बाद पुलिस ने आम लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। खासकर ऐसे निवेश प्रस्तावों से बचने को कहा गया है, जिनमें अत्यधिक या गारंटीड रिटर्न का वादा किया जाता है। लोगों को केवल भरोसेमंद प्लेटफॉर्म के माध्यम से ही निवेश करना चाहिए।









