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सोनीपत: नाबालिग के साथ दुष्कर्म करने के मामले में सुनवाई के बाद अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश नरेंद्र सिंह की अदालत ने आरोपित को दोषी करार दिया। अदालत ने दोषी को 20 साल कैद व 55 हजार रुपए जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना राशि में से 45 हजार रुपए पीड़िता को देने के आदेश दिए। साथ ही जुर्माना राशि जमा न करने पर दोषी को अतिरिक्त कैद की सजा भुगतनी होगी।

नाबालिग को बहलाकर साथ ले गया था दोषी

मूलरूप से बिहार के सीतामंढी जिला के रहने वाले व्यक्ति ने 23 नवंबर 2022 को बहालगढ़ थाना पुलिस को बताया कि परिवार के साथ बहालगढ़ थाना क्षेत्र में रहता है। उसे अपनी पत्नी के साथ 13 नवंबर 2022 को बिहार जाना पड़ा था। वह 22 नवंबर 2022 को वापस कमरे पर पहुंचा तो पता लगा कि उनकी 12 साल की बेटी को मूलरूप से बिहार के सीतामढ़ी के गांव का युवक बहलाकर ले गया है। उन्होंने मामले की शिकायत पुलिस को दी। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर बेटी को बरामद कर लिया। उसके साथ दुष्कर्म की पुष्टि हुई। पुलिस ने दुष्कर्म की धारा जोड़ते हुए आरोपी सुशल कुमार को काबू कर लिया।

अदालत ने सुनाई सजा

पीड़िता के पिता ने बताया कि पुलिस ने आरोपित को साथ ले जाकर घटनास्थल की निशानदेही कराई। साथ ही उसका मेडिकल कराया गया, जिसके बाद आरोपित को अदालत के आदेश पर जेल भेज दिया। तभी से मामला अदालत में विचाराधीन था। मामले की सुनवाई के बाद एएसजे नरेंद्र ने आरोपित सुशील कुमार ठाकुर को दोषी करार दिया। अदालत ने दोषी को 20 साल कैद व अलग-अलग धाराओं में 55 हजार रुपए जुर्माने की सजा दी। जुर्माना अदा न करने पर दोषी को एक साल अतिरिक्त कैद की सजा भुगतनी होगी।