A PHP Error was encountered

Severity: Warning

Message: Undefined variable $summary

Filename: widgets/story.php

Line Number: 3

Backtrace:

File: /content/websites/front-hbm/application/views/themes/mobile/widgets/story.php
Line: 3
Function: _error_handler

File: /content/websites/front-hbm/application/views/themes/amp/story.php
Line: 39
Function: view

File: /content/websites/front-hbm/application/libraries/Sukant.php
Line: 507
Function: view

File: /content/websites/front-hbm/application/libraries/Sukant.php
Line: 341
Function: loadAmpTheme

File: /content/websites/front-hbm/application/controllers/Content.php
Line: 303
Function: contentStorypageAmp

File: /content/websites/front-hbm/index.php
Line: 319
Function: require_once

Haryana: इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय (इग्नू) हरियाणा की विभिन्न जेलों में बंद कैदियों को उच्च शिक्षा से जोड़कर उनमें शिक्षा की अलख जगाने का काम कर रही है। जो कैदी 12वीं कक्षा पास कर चुके हैं और उच्च शिक्षा प्राप्त करना चाहते हैं, उनके लिए जेलों में इग्नू द्वारा अध्ययन केंद्र स्थापित किए गए हैं। अगर कोई बंदी जो स्नातक या किसी अन्य उच्च पाठ्यक्रम का अध्ययन कर रहा है तो जेल में उसके कार्यकाल के दौरान उसकी पढ़ाई और परीक्षा की व्यवस्था इग्नू द्वारा नि:शुल्क की जाती है। ऐसे में इग्नू बंदियों को शिक्षा देकर उनका जीवन प्रगति की तरफ अग्रसर कर रहा है।

शिक्षा के जरिए बंदियों का जीवन बदलने का प्रयास

विश्वविद्यालय के प्रवक्ता ने बताया कि जेलों में बंद कैदी अपने जीवन के अंधेरे को शिक्षा की रोशनी से दूर करने प्रयास कर रहे हैं। अपराधियों के भविष्य को संवारने के लिए इग्नू के तहत शिक्षा कार्यक्रम चलाया जा रहा है। इसका उद्देश्य है कि अपराधी जेल में बिताए समय का सदुपयोग कर सकें। पिछले तीन वर्षों में हरियाणा की विभिन्न जेलों में अभी तक कुल 792 बंदियों द्वारा सफलतापूर्वक उच्च शिक्षा प्राप्त करने की तरफ अपने कदम बढ़ाए हैं। इस दौरान विभिन्न पाठ्यक्रमों में सैकड़ों बंदियों ने प्रवेश लिया है जो अब शिक्षित होकर समाज की मुख्य धारा से जुड़ पाएंगे।

जेल बंद कैदी शिक्षा ग्रहण कर संवार रहे भविष्य

विश्वविद्यालय के प्रवक्ता ने बताया कि जेल में बंद कैदी इग्नू के माध्यम से उच्च शिक्षा ग्रहण कर अपने भविष्य कां संवारने का काम कर रहे हैं। बंदी जेल में रहकर अन्य बंदियों को शिक्षा ग्रहण करने के लिए प्रेरित भी कर रहे हैं। बंदियों को शिक्षित होने के लिए लगातार प्रोत्साहित किया जा रहा है, ताकि वे सजा भुगतने के बाद बाहर आकर एक नए जीवन की शुरूआत कर सके। इग्नू के इस प्रयास को बंदी ही नहीं, जेलर भी सराह रहे हैं।