यमुनानगर, हरियाणा। यमुनानगर में 7 फरवरी की रात हुए सनसनीखेज अस्पताल और मॉल फायरिंग मामले में पुलिस ने एक बड़ा खुलासा किया है। इस मामले की जांच कर रही पुलिस टीम ने हरियाणवी संगीत जगत से जुड़े गायक और लेखक हर्ष बुबका को गिरफ्तार कर लिया है। आरोप है कि हर्ष बुबका ने न केवल हमलावरों को अपने ठिकाने पर शरण दी, बल्कि उन्हें वारदात के लिए हथियार और आर्थिक मदद भी उपलब्ध कराई।
सिंगर के फ्लैट पर पुलिस की दबिश, दो वांटेड अपराधी भी काबू
एएसपी अमरिंद्र सिंह के नेतृत्व में पुलिस ने हर्ष बुबका के ठिकाने पर छापेमारी की, जहाँ से पुलिस को बड़ी कामयाबी हाथ लगी। पुलिस ने हर्ष के साथ वहां छिपे दो अन्य वांछित अपराधियों को भी दबोच लिया है। इनमें से एक बदमाश पंजाब पुलिस के साथ हुई मुठभेड़ के दौरान फरार हो गया था, जबकि दूसरा हरियाणा के करनाल जिले का रहने वाला है। अब तक इस मामले में मुख्य शूटर्स के अलावा चार अन्य लोगों को पुलिस हिरासत में ले चुकी है।
अस्पताल में बरसाई थीं 14 गोलियां, पर्ची फेंककर फैलाई थी दहशत
इस पूरी वारदात की शुरुआत 7 फरवरी की देर रात हुई थी, जब रेलवे रोड स्थित एक निजी मल्टी-स्पेशलिटी अस्पताल में तीन बाइक सवार बदमाशों ने घुसकर अंधाधुंध 13-14 राउंड फायरिंग की। इसके तुरंत बाद बदमाशों ने सिटी मॉल के बाहर भी गोलियां चलाईं और एक गैंगस्टर के नाम की पर्ची फेंककर शहर में दहशत फैलाने की कोशिश की। यह पूरी घटना सीसीटीवी में कैद हो गई थी, जिसके बाद से ही पुलिस की सीआईए टीमें आरोपियों के पीछे लगी थीं।
मुठभेड़ में बची थी पुलिस अधिकारियों की जान
वारदात के बाद रविवार सुबह गांव सुड़ैल के पास पुलिस और बदमाशों का आमना-सामना हुआ। इस दौरान दोनों ओर से करीब 25-30 राउंड गोलियां चलीं। बदमाशों की फायरिंग में सीआईए-2 इंचार्ज राकेश और सीआईए-1 इंचार्ज राजकुमार को गोलियां लगीं, लेकिन बुलेटप्रूफ जैकेट पहने होने के कारण उनकी जान बाल-बाल बच गई। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में दो बदमाशों के पैर में गोली लगी, जिसके बाद तीनों को काबू कर लिया गया।
गैंगस्टर नोनी राणा के इशारे पर रची गई साजिश
पुलिस की गहन पूछताछ में खुलासा हुआ कि इस पूरी वारदात का मास्टरमाइंड विदेश में बैठा गैंगस्टर नोनी राणा है। रंगदारी वसूलने के मकसद से नोनी राणा के इशारे पर ही अस्पताल और मॉल जैसे भीड़भाड़ वाले इलाकों को निशाना बनाया गया था। पकड़े गए मुख्य आरोपी गुरलाल ने शुरुआत में पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की थी, लेकिन जांच में पता चला कि वह पंजाब का निवासी है। वहीं, करनाल निवासी दो अन्य आरोपियों ने खुद को नाबालिग बताया था, लेकिन दस्तावेजों की जांच में वे बालिग पाए गए।
गैंग नेटवर्क के खात्मे के लिए रिमांड की तैयारी
पुलिस अब हर्ष बुबका और उसके साथियों को अदालत में पेश कर रिमांड पर लेने की तैयारी कर रही है। पुलिस का मुख्य उद्देश्य इस पूरे नेटवर्क की गहराई तक पहुंचना है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि इस साजिश में और कौन-कौन से चेहरे शामिल हैं और हथियारों की सप्लाई चेन कहाँ से जुड़ी है।
अगर आपको यह खबर उपयोगी लगी हो, तो इसे सोशल मीडिया पर शेयर करना न भूलें और हर अपडेट के लिए जुड़े रहिए haribhoomi.com के साथ।











