देश की राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली से होकर गुजरने वाली यमुना नदी एक बार फिर से प्रदूषण को लेकर सुर्खियों में है। कालिंदी कुंज में यमुना के पानी में झाग ही झाग नजर आ रहा है। चिंता की बात यह है कि यह झाग सफेद की बजाए गुलाबी रंग का है। यह बदलाव न केवल लोगों की सेहत के लिए गंभीर खतरा माना जा रहा है बल्कि पर्यावरण के लिहाज से भी खतरनाक है।
मीडिया रिपोर्ट्स में पर्यावरण विशेषज्ञों के हवाले से बताया गया है कि गुलाबी झाग दर्शाता है कि यह टॉक्सिक इंडस्ट्रियल वेस्ट है। इसमें ड्राई केमिकल की मात्रा अधिक होती है, जिसके चलते सफेद झाग गुलाबी रंग में बदल जाता है। पिछले कई दिनों से केवल कालिंदी कुंज में ही नहीं बल्कि मदनपुर खादर और दूर-दूर तक पानी की सतह पर गुलाबी झाग देखा जा सकता है।
यमुना प्रदूषण पर आप ने बीजेपी पर कसा तंज
दिल्ली बीजेपी ने यमुना प्रदूषण के मुद्दे को उठाकर आम आदमी पार्टी की सरकार पर तीखे प्रहार किए थे। सत्ता परिवर्तन के बाद जब दिल्ली में बीजेपी की सरकार बनी तो कई मंत्री यमुना के किनारे नजर आए और दावा किया कि पांच सालों में यमुना को पूरी तरह से स्वच्छ कर देंगे। यही नहीं, यमुना की सफाई के लिए बड़ी बड़ी मशीनें भी नजर आई थीं, लेकिन आम आदमी पार्टी ने आरोप लगाया था कि यह सफाई कार्य तो पहले से चल रहा था और लोगों को गुमराह किया जा रहा है। अब आम आदमी पार्टी के इन आरोपों में दम नजर आता है।
कारण यह है कि गर्मी बढ़ने के साथ ही उसी तरह से यमुना में जहरीला झाग नजर आने लगा है, जैसा पहले की सरकारों में दिखता था। ऐसे में आम आदमी पार्टी को बीजेपी पर तंज कसने का मौका मिल गया है। आप ने अपने ऑफिशियल सोशल मीडिया अकाउंट एक्स पर लिखा कि आजकल कोई भाजपा नेता यमुना के किनारे नहीं दिखता। किसी भाजपा नेता को फिर से ऑन कैमरा डबुकी नहीं लगानी है यमुना में? थोड़ा सा पीकर दिखा दीजिए, आप लोगों को तो ड्रामे करने में बहुत मजा आता है, जनता को झूठ परोसने में, फिर क्या दिक्कत है?
आज कल कोई भाजपा नेता नहीं दिखता यमुना किनारे 🤷🏻♂️
— Aam Aadmi Party Delhi (@AAPDelhi) March 17, 2026
किसी भाजपा नेता को फिर से ऑन कैमरा डुबकी नहीं लगानी है यमुना में? थोड़ा सा पीकर ही दिखा दीजिए.. आप लोगों को तो ड्रामे करने में बहुत मज़ा आता है.. जनता को झूठ परोसने में, फिर क्या दिक्कत है? https://t.co/pQWKbbOYk8
क्या यमुना को स्वच्छ करने के लिए सरकार गंभीर?
दिल्ली सरकार के पर्यावरण मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा लगातार दावा करते नजर आए हैं कि वायु प्रदूषण हो या फिर यमुना प्रदूषण, दिल्ली सरकार गंभीरता से इनके खिलाफ कार्य कर रही है। जल बोर्ड अफसरों के मुताबिक, यमुना से सफेद झाग हटाने के लिए पिछले साल छठ से पहले और दिसंबर के मध्य तक 46 टन केमिकल का छिड़काव किया था। इस पर 79.62 लाख रुपये खर्च हुए। नवंबर के बाद से 46150 किलो केमिकल का इस्तेमाल किया जा चुका है। अधिकारियों के इन दावों के इतर यह भी स्पष्ट है कि अनट्रीटेड पानी दिल्ली में यमुना को लगातार मैला कर रहा है।









