Ghaziabad Suicide Case: यूपी के गाजियाबाद से एक दुखद हादसे की खबर सामने आ रही है। यहां एक 18 साल के युवक ने एक छोटी सी बात पर आत्महत्या कर ली। मामला गाजियाबाद के इंदिरापुरम थाना क्षेत्र का है। जहां शुक्रवार सुबह कक्षा 12 के छात्र का शव फांसी के फंदे से लटका मिला। इसके अलावा पुलिस को छात्र के कमरे से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। बताया जा रहा है कि गुरुवार रात को लड़के के पिता ने उसे पढ़ाई को लेकर टोका था। इस बात से नाराज होकर उसने यह खौफनाक कदम उठाया।
इंदिरापुरम के एसीपी अभिषेक श्रीवास्तव के मुताबिक, कनावनी के रहने वाले संतोष कुमार कैब चलाते हैं। उनके परिवार में उनकी पत्नी और उनके तीन बेटे हैं। सबसे बड़ा बेटा रिशु और छोटा बेटा यश है। वहीं तीसरे बेटे का नाम नितिन है जो कक्षा 12वीं का छात्र था और इसी ने शुक्रवार को फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। पुलिस के अनुसार, शुरुआती जांच में सामने आया है कि गुरुवार की रात को पिता संतोष कुमार ने आगामी बोर्ड परीक्षाओं और पढ़ाई को लेकर बेटे को टोका था। इसके बाद सब लोग अपने-अपने कमरे में जाकर सो गए।
सुबह फंदे से लटका मिला शव
शुक्रवार सुबह को जब परिवार के लोग जागे तो पता चला कि नितिन नहीं जागा है। इसके बाद घर लोगों ने नितिन को कई आवाजे दीं लेकिन अंदर से कोई आवाज नहीं आई। इसके बाद घर के लोग कमरे में घुसे तो देखा की नितिन का शव फांसी के फंदे से लटका हुआ है। आनन-फानन में परिवार के लोग उसे पास के ही अस्पताल में ले गए जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। एसीपी ने बताया कि मृतक के कमरे से कोई भी सुसाइड नोट नहीं मिला है और पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है।
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परिवार ने पोस्टमार्टम के लिए किया मना
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, पुलिस जब अस्पताल पहुंची तो परिवार के सदस्यों ने मृतक का पोस्टमार्टम कराने से साफ इनकार कर दिया। लेकिन जब प्रशासन के लोगों ने घर वालों को समझाया तो वह लोग इसके लिए राजी हो गए। परिवार का सबसे छोटा बेटा होने के कारण नितिन पूरे परिवार का लाडला था। बेटे की मौत से परिवार के लोगों का रो-रो कर बुरा हाल है।









