Delhi Metro: दिल्ली मेट्रो में एक बार फिर केबल चोरों ने सिस्टम को प्रभावित कर दिया है। दीपाली चौक और मजलिस पार्क के बीच का 9.9 किलोमीटर लंबा नया कॉरिडोर, जिसका उद्घाटन महज कुछ दिन पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा किया गया था, वहां सिग्नलिंग केबल की चोरी हो गई। यह घटना गुरुवार सुबह सामने आई, जब ऑपरेशन कंट्रोल सेंटर को सूचना मिली कि मजलिस पार्क और भलस्वा स्टेशनों के बीच सिग्नलिंग केबल चोरी हो गई हैं। इस चोरी के कारण सिग्नलिंग सिस्टम फेल हो गया, जिससे ट्रेनों की रफ्तार पर असर पड़ा।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, 1000 मीटर लंबी सिग्नलिंग केबल की चोरी की गई है। चोरी मुख्य रूप से मजलिस पार्क और भलस्वा के बीच हुई, जो दीपाली चौक-मजलिस पार्क एक्सटेंशन का हिस्सा है। इस वजह से ट्रेनों को प्रभावित सेक्शन में केवल 25 किलोमीटर प्रति घंटा की सीमित गति से चलाना पड़ा। इससे यात्रियों को देरी का सामना करना पड़ा, हालांकि मेट्रो ने यात्री सेवाओं को पूरी तरह बंद नहीं किया। यह लाइन मजेंटा लाइन का हिस्सा है, और नई शुरुआत में ही ऐसी घटना ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
पुलिस कार्रवाई और गिरफ्तारी
दिल्ली पुलिस ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। आरोपी के पास से चोरी की गई कुछ केबल के टुकड़े बरामद किए गए। फिलहाल दिल्ली पुलिस जांच कर रही है कि चोरों ने इस चोरी को अंजाम कैसे दिया और क्या इसमें कोई और गिरोह शामिल है। वहीं मेट्रो अधिकारियों ने बताया कि ऐसी चोरियां दिल्ली मेट्रो में पहले भी हो चुकी हैं। लेकिन नए रूट पर इतनी जल्दी चोरी होना चिंताजनक है।
मरम्मत का काम
मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (DMRC) ने कहा कि यात्री सेवाओं में कम से कम असुविधा हो, इसलिए मरम्मत का काम रात में, परिचालन बंद होने के बाद किया जाएगा। नई केबल बिछाने और सिग्नलिंग सिस्टम को बहाल करने का प्रयास जारी है। यह घटना दिल्ली मेट्रो में बढ़ती केबल चोरियों की समस्या को उजागर करती है। DMRC पहले से ही तांबे की केबल को एल्युमिनियम से बदलने की योजना पर काम कर रही है ताकि चोरी कम हो सके।