संजय यादव- कवर्धा। कवर्धा जिले में भोरमदेव महोत्सव संस्कृति संध्या कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ की समृद्ध लोक एवं शास्त्रीय सांस्कृतिक परंपराओं का अद्भुत संगम देखने को मिला। स्थानीय सहित अन्य जिलों से पहुंचे कलाकारों ने अपनी आकर्षक प्रस्तुतियों से दर्शकों का मन मोह लिया और पूरे वातावरण को सांस्कृतिक रंग में रंग दिया।
आपको बता दें कि, तेरस के अवसर पर हर वर्ष धूमधाम से मनाया जाने वाला भोरमदेव महोत्सव इस बार भी उत्साह के साथ आयोजित हुआ। हालांकि, इस वर्ष महोत्सव केवल एक दिन का ही रहा, जबकि पूर्व में यह दो दिवसीय आयोजन होता था। भोरमदेव कॉरिडोर निर्माण कार्य जारी रहने के कारण आयोजन की अवधि को सीमित किया गया।
पूजा-अर्चना और दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ शुभारंभ
महोत्सव का शुभारंभ विधिवत पूजा-अर्चना एवं दीप प्रज्ज्वलन के साथ किया गया। विधानसभा सत्र के चलते प्रदेश के डिप्टी सीएम विजय शर्मा एवं। पंडरिया विधायक भावना बोहरा कार्यक्रम में शामिल नहीं हो सके। इसके बावजूद जिला पंचायत के अध्यक्ष ईश्वरी साहू उपाध्यक्ष कैलाश चंद्रवंशी व स्थानीय जनप्रतिनिधियों और कलेक्टर गोपाल वर्मा की उपस्थिति में आयोजन गरिमामय ढंग से संपन्न हुआ।
गायिका आरु साहू ने दी मनमोहक प्रस्तुति
कार्यक्रम की खास आकर्षण रहीं सुप्रसिद्ध गायिका आरु साहू और छत्तीसगढ़ के जसगीत सम्राट दिलीप षड़ंगी, जिन्होंने अपनी शानदार प्रस्तुतियों से दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। उनके गीतों पर उपस्थित लोग अपनी सीटों पर ही झूमने को मजबूर हो गए।