Anant Singh bail: बिहार की राजनीति के कद्दावर और बाहुबली नेता अनंत सिंह के लिए गुरुवार का दिन बड़ी खुशखबरी लेकर आया। पटना हाई कोर्ट ने दुलारचंद यादव हत्याकांड में मोकामा विधायक को जमानत (Bail) दे दी है। पिछले साल बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान हुई इस हत्या के मामले में अनंत सिंह पिछले कई महीनों से पटना की बेऊर जेल में बंद थे।
48 घंटे में हो सकती है रिहाई
जानकारी के अनुसार, कागजी कार्रवाई पूरी होने के बाद अनंत सिंह शुक्रवार या शनिवार (अगले 48 घंटों) तक जेल से बाहर आ सकते हैं। बता दें कि उन्हें 1 नवंबर 2024 को पटना के तत्कालीन एसएसपी ने उनके मोकामा स्थित आवास से गिरफ्तार किया था। जेल में रहते हुए भी अनंत सिंह ने अपनी लोकप्रियता साबित की और चुनाव में जीत दर्ज की थी।
क्या है दुलारचंद यादव हत्याकांड?
यह मामला बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के दौरान का है, जब चुनावी गहमागहमी के बीच दुलारचंद यादव की हत्या कर दी गई थी। इस मामले में अनंत सिंह को मुख्य आरोपी बनाया गया था। पुलिसिया कार्रवाई के बाद उन्हें सलाखों के पीछे जाना पड़ा, लेकिन अब हाई कोर्ट के फैसले ने उन्हें बड़ी राहत दी है।
राजनीति से संन्यास का एलान (Anant Singh Retirement)
जमानत मिलने की खबरों के बीच अनंत सिंह का एक बयान बिहार की सियासत में चर्चा का विषय बना हुआ है। हाल ही में राज्यसभा चुनाव के दौरान वोट डालने पहुंचे अनंत सिंह ने मीडिया से कहा था कि अब वे आगे विधानसभा चुनाव नहीं लड़ेंगे।
नीतीश कुमार ही तय करेंगे अगला CM:
अनंत सिंह ने साफ तौर पर कहा कि वे चुनावी मैदान में तभी उतरेंगे जब नीतीश कुमार राजनीति में सक्रिय रहेंगे। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि भविष्य का मुख्यमंत्री कौन होगा, इसका फैसला पूरी तरह से नीतीश कुमार ही करेंगे। हालांकि, तेजस्वी यादव और अन्य विकल्पों पर पूछे गए सवालों को वे टाल गए।
बिहार की सियासत पर असर
अनंत सिंह की रिहाई ऐसे समय में हो रही है जब बिहार में चुनावी समीकरण बदल रहे हैं। भले ही उन्होंने चुनाव न लड़ने की बात कही हो, लेकिन मोकामा और आसपास के क्षेत्रों में उनका प्रभाव आज भी बरकरार है। उनके जेल से बाहर आने के बाद जेडीयू को जमीनी स्तर पर मजबूती मिल सकती है।










