Gold-Silver ETF: वैश्विक बाजार में बढ़ती अनिश्चितता के बीच सोना और चांदी से जुड़े ईटीएफ में गुरुवार को तेज गिरावट देखने को मिली। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के ईरान युद्ध को लेकर सख्त रुख के बाद निवेशकों का भरोसा कमजोर पड़ा और गोल्ड-सिल्वर ईटीएफ 4% तक लुढ़क गए।
दोपहर करीब 1 बजे निपॉन इंडिया सिल्वर ईटीएफ 4.04 फीसदी टूट गया जबकि टाटा सिल्वर ईटीएफ में 4.11% की गिरावट दर्ज की गई। सोने से जुड़े ईटीएफ भी दबाव में रहे। टाटा गोल्ड ईटीएफ 2.01% गिरा, निपॉन इंडिया ईटीएफ गोल्डबीज 2.22% नीचे आया।
मेटल कंपनियों के शेयर भी गिरे
इस गिरावट का असर मेटल कंपनियों के शेयरों पर भी पड़ा। देश की सबसे बड़ी सिल्वर प्रोड्यूसर हिंदुस्तान जिंक के शेयर 3% से ज्यादा गिरकर 506.9 रुपये तक आ गए। वहीं इसकी प्रमोटर कंपनी वेदांता के शेयरों में भी करीब 2% की गिरावट दर्ज की गई।
गोल्ड-सिल्वर की कीमतों में तेज गिरावट
अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी सोने की कीमतों में तेज गिरावट आई। स्पॉट गोल्ड 2% टूटकर 4664.39 डॉलर प्रति औंस पर आ गया जबकि यूएस गोल्ड फ्यूचर्स 2.5% गिरकर 4691.10 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गया। इससे पहले सोना लगातार चार दिनों तक बढ़त में था।
ट्रंप के युद्ध जारी रहने के बयान से खलबली
विशेषज्ञों के मुताबिक, यह गिरावट मुख्य रूप से ट्रंप के उस बयान के बाद आई, जिसमें उन्होंने कहा कि अमेरिका आने वाले 2-3 हफ्तों तक ईरान पर सैन्य कार्रवाई जारी रखेगा। इस बयान के बाद कच्चे तेल की कीमतों में उछाल आया और ब्याज दरों में कटौती की उम्मीद कमजोर हो गई।
दरअसल, जब ब्याज दरें ऊंची रहती हैं, तो सोने जैसे नॉन-यील्डिंग एसेट में निवेश कम आकर्षक हो जाता है। यही वजह है कि निवेशक गोल्ड से दूरी बनाने लगे।
इसके अलावा, अमेरिकी 10 साल की ट्रेजरी यील्ड और डॉलर इंडेक्स में भी तेजी आई, जिससे सोने पर और दबाव बना। दूसरी ओर, ब्रेंट क्रूड ऑयल की कीमतों में 6% से ज्यादा उछाल देखने को मिला, क्योंकि ईरान के ऊर्जा ढांचे पर हमलों की आशंका बढ़ गई है। कुल मिलाकर, वैश्विक तनाव और ब्याज दरों से जुड़े संकेतों ने फिलहाल सोना-चांदी में निवेशकों का मूड ठंडा कर दिया है।
(प्रियंका कुमारी)










