खराब चावल सप्लाई पर बड़ी कार्रवाई: गुणवत्ता जांच में फेल 20 करोड़ का 33 हजार क्विंटल मिलर्स को होगा वापस, देना होगा नया स्टाक
दंतेवाड़ा के गीदम वेयरहाउस में 33 हजार क्विंटल खराब चावल मिलने पर छत्तीसगढ़ में अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई की गई है, जिसमें पूरा स्टॉक मिलर्स को लौटाया जाएगा।
गीदम वेयरहाउस में खराब चावल की जांच
पंकज भदौरिया - दंतेवाड़ा। छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा जिले के गीदम वेयरहाउस में 33 हजार क्विंटल खराब चावल पाए जाने के बाद छत्तीसगढ़ स्टेट सिविल सप्लाई कॉरपोरेशन लिमिटेड ने अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई की है।
गुणवत्ता जांच में चावल मानकों पर खरा नहीं उतरने के बाद पूरे 65,857 बोरा चावल को मिलर्स को वापस करने और उसके बदले नया, गुणवत्तापूर्ण चावल लेने का आदेश जारी किया गया है।
जांच में खुली पोल
खराब चावल का मामला सामने आने के बाद रायपुर से भेजी गई विशेष टीम ने वेयरहाउस में मौजूद सभी बैचों के सैंपल जांचे। रिपोर्ट में चावल शासन द्वारा तय उपार्जन और गुणवत्ता मानकों पर फेल पाया गया, जिसके बाद यह कड़ी कार्रवाई की गई।
20 करोड़ का चावल संदिग्ध
करीब 33 हजार क्विंटल खराब चावल की अनुमानित कीमत लगभग 20 करोड़ रुपये बताई जा रही है। आदेश के अनुसार पूरा स्टॉक लौटने के बाद मिलर्स को नए और गुणवत्तापूर्ण चावल की आपूर्ति करनी होगी, जिससे उनकी परेशानी बढ़ना तय है।
कई अधिकारी निलंबित
घटना सामने आने के बाद पहले चरण में क्वालिटी इंस्पेक्टर, गोदाम प्रभारी और शाखा प्रबंधक को तत्काल निलंबित कर दिया गया था। यह मामला राज्य स्तर तक गंभीरता से लिया गया है, जिस कारण अब बड़े पैमाने पर रिप्लेसमेंट की प्रक्रिया शुरू की जा रही है।
कलेक्टर को दिए विशेष निर्देश
प्रबंध संचालक की ओर से जिले के कलेक्टर को पत्र भेजकर निर्देशित किया गया है कि चावल की वापसी और नए स्टॉक की आपूर्ति जल्द से जल्द सुनिश्चित की जाए, ताकि सार्वजनिक वितरण प्रणाली (PDS) के तहत राशन वितरण में कोई बाधा उत्पन्न न हो।