नए साल का 'महंगा' आगाह: आज से कार, सिलेंडर और इलेक्ट्रॉनिक सामान के बदल गए नियम, जानें आपकी जेब पर क्या होगा असर!
जनवरी 2026 से देश में पांच बड़े बदलाव लागू हो गए हैं। कमर्शियल गैस सिलेंडर के दाम 111 रुपये बढ़ गए हैं और मारुति-टाटा जैसी कंपनियों ने कारें महंगी कर दी हैं।
नई रेटिंग प्रणाली के लागू होने से इन उपकरणों की कीमतों में 5 से 10 फीसदी तक की वृद्धि देखी जा सकती है।
नई दिल्ली : नए साल की पहली तारीख यानी 1 जनवरी 2026 से देशभर में कई महत्वपूर्ण बदलाव लागू हो गए हैं। इन बदलावों का सीधा संबंध आपकी रसोई, आपके सफर और आपकी बचत से है।
जहा एक तरफ कमर्शियल गैस सिलेंडर की कीमतों में इजाफा हुआ है, वहीं ऑटोमोबाइल कंपनियों ने अपनी कारों के दाम बढ़ा दिए हैं।
आज से लागू होने वाले ये नियम न केवल आम आदमी के मासिक बजट को प्रभावित करेंगे, बल्कि व्यापारिक गतिविधियों पर भी इनका व्यापक असर देखने को मिलेगा।
कमर्शियल गैस सिलेंडर की कीमतों में भारी बढ़ोतरी
साल के पहले ही दिन तेल कंपनियों ने कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर के दामों में बड़ा बदलाव किया है। विभिन्न शहरों में कमर्शियल सिलेंडर की कीमतों में करीब 111 रुपये तक की वृद्धि की गई है।
दिल्ली में अब 19 किलो वाला सिलेंडर 1,691.50 रुपये का मिलेगा, जबकि मुंबई और कोलकाता में भी इसकी कीमतों में इजाफा हुआ है। हालांकि, राहत की बात यह है कि घरेलू रसोई गैस की कीमतों को स्थिर रखा गया है, जिससे आम गृहिणियों के बजट पर अतिरिक्त बोझ नहीं बढ़ा है।
नई कार खरीदना हुआ महंगा, कंपनियों ने बढ़ाई कीमतें
अगर आप नए साल में नई कार घर लाने का सपना देख रहे थे, तो अब आपको ज्यादा कीमत चुकानी होगी। मारुति सुजुकी, टाटा मोटर्स, हुंडई और मर्सिडीज-बेंज जैसी दिग्गज कंपनियों ने आज से अपनी गाड़ियों के दाम बढ़ा दिए हैं।
कच्चे माल की बढ़ती लागत और इनपुट कॉस्ट के दबाव के कारण कंपनियों ने अपनी कारों की कीमतों में 1% से लेकर 3% तक की वृद्धि की है। यह बढ़ोतरी एंट्री लेवल कारों से लेकर लग्जरी एसयूवी तक सभी सेगमेंट पर लागू होगी।
विमानन ईंधन (ATF) सस्ता और गैस पाइपलाइन के नए टैरिफ
एक तरफ जहा कमर्शियल गैस महंगी हुई है, वहीं दूसरी ओर विमानन ईंधन की कीमतों में कटौती की गई है। इससे आने वाले समय में हवाई टिकटों के दाम कम होने की संभावना है।
साथ ही, पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस नियामक बोर्ड (PNGRB) ने प्राकृतिक गैस पाइपलाइन के लिए 'यूनिफाइड टैरिफ' लागू कर दिया है। 'वन नेशन, वन ग्रिड' के तहत इस बदलाव से दूरदराज के इलाकों में सीएनजी (CNG) और पीएनजी (PNG) की कीमतों में स्थिरता आने और लंबी अवधि में कमी होने की उम्मीद जताई जा रही है।
महंगे हो गए एसी और फ्रिज, स्टार रेटिंग में बदलाव
आज से ब्यूरो ऑफ एनर्जी एफिशिएंसी के नए मानक और स्टार रेटिंग नियम प्रभावी हो गए हैं। इन नए नियमों के कारण अब एयर कंडीशनर और रेफ्रिजरेटर बनाना कंपनियों के लिए महंगा हो गया है।
नई रेटिंग प्रणाली के लागू होने से इन उपकरणों की कीमतों में 5 से 10 फीसदी तक की वृद्धि देखी जा सकती है। अब उपभोक्ताओं को बेहतर ऊर्जा दक्षता वाले उपकरण मिलेंगे, लेकिन इसके लिए उन्हें शुरुआती तौर पर अधिक कीमत चुकानी पड़ेगी।
बैंकिंग और वित्तीय नियमों में महत्वपूर्ण परिवर्तन
वित्तीय मोर्चे पर भी आज से कई बड़े बदलाव हुए हैं। जिन लोगों ने अपने पैन कार्ड को आधार से लिंक नहीं किया था, उनके कार्ड आज से निष्क्रिय हो सकते हैं, जिससे बैंकिंग लेनदेन में समस्या आ सकती है।
इसके साथ ही, कई बैंकों ने अपने क्रेडिट कार्ड के रिवॉर्ड पॉइंट्स और एयरपोर्ट लाउंज एक्सेस के नियमों को और सख्त कर दिया है।
अब क्रेडिट कार्ड से रेंट पेमेंट या अन्य ट्रांजैक्शन करने पर ग्राहकों को पहले के मुकाबले अधिक शुल्क या कम लाभ मिलेगा।