बजट 2026: उत्तर प्रदेश पर बरसी धनवर्षा, योगी सरकार की तिजोरी में आएंगे ₹4.26 लाख करोड़
आईटी सेक्टर में टैक्स छूट और सारनाथ-हस्तिनापुर के पर्यटन विकास से यूपी की अर्थव्यवस्था को नई मजबूती मिलेगी।
पर्यटन के क्षेत्र में मेरठ के हस्तिनापुर और वाराणसी के सारनाथ को देश के 15 महत्वपूर्ण पुरातात्विक स्थलों में शामिल किया गया है।
लखनऊ: केंद्रीय बजट 2026 उत्तर प्रदेश की अर्थव्यवस्था के लिए नई ऊर्जा लेकर आया है। मोदी सरकार ने राज्य के विकास के लिए अपने खजाने के द्वार खोल दिए हैं, जिससे योगी सरकार को प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से लगभग 4.26 लाख करोड़ रुपये प्राप्त होंगे।
यह धनराशि पिछले बजट की तुलना में 25 हजार करोड़ रुपये अधिक है। यह भारी-भरकम बजट न केवल उत्तर प्रदेश को 10 खरब डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने के संकल्प को सिद्ध करेगा, बल्कि बुनियादी ढांचे, पर्यटन और रोजगार के क्षेत्र में भी क्रांतिकारी बदलाव लाएगा।
केंद्रीय करों में बड़ी हिस्सेदारी: यूपी को मिला 17.61 प्रतिशत हिस्सा
कुल केंद्रीय राज्यांश में उत्तर प्रदेश की हिस्सेदारी 17.61 प्रतिशत रही है, जो राज्यों में सबसे प्रमुख है। केंद्रीय करों के रूप में राज्य को कुल 2.68 लाख करोड़ रुपये मिलेंगे।
इसमें इनकम टैक्स से ₹95,698.13 करोड़, कॉरपोरेशन टैक्स से ₹78,939.30 करोड़ और केंद्रीय जीएसटी (CGST) से ₹73,546.95 करोड़ का बड़ा हिस्सा शामिल है। इसके अलावा कस्टम और एक्साइज ड्यूटी के माध्यम से भी राज्य के कोष में हजारों करोड़ रुपये आएंगे, जिससे विकास योजनाओं को पंख लगेंगे।
इन्फ्रास्ट्रक्चर के लिए ₹10,000 करोड़ का ब्याजमुक्त ऋण
प्रदेश में सड़कों और पुलों के जाल को और मजबूत करने के लिए केंद्र सरकार ने विशेष सौगात दी है। 'राज्यों को पूंजीगत निवेश के लिए विशेष सहायता' स्कीम के तहत यूपी को 10 हजार करोड़ रुपये मिलेंगे।
खास बात यह है कि यह धनराशि 50 साल के लिए पूरी तरह ब्याज मुक्त ऋण के तौर पर मिलेगी। इससे राज्य सरकार पर वित्तीय बोझ नहीं पड़ेगा और ग्रामीण व शहरी क्षेत्रों में उच्च स्तरीय सड़कों का निर्माण सुगमता से हो सकेगा।
आईटी सेक्टर को टैक्स राहत और पर्यटन को नई पहचान
बजट में उत्तर प्रदेश के आईटी, बीपीओ और केपीओ सेक्टर को बड़ी राहत देते हुए जीएसटी की धारा 13(8) में बदलाव का प्रस्ताव किया गया है, जिससे विदेशी सेवाओं पर लगने वाला 18 प्रतिशत जीएसटी समाप्त हो जाएगा।
पर्यटन के क्षेत्र में मेरठ के हस्तिनापुर और वाराणसी के सारनाथ को देश के 15 महत्वपूर्ण पुरातात्विक स्थलों में शामिल किया गया है। इससे प्रदेश के सांस्कृतिक पर्यटन को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान मिलेगी और रोजगार के अवसर बढ़ेंगे।
किसानों की मजबूती और भविष्य की तकनीक पर जोर
किसानों के लिए पशुपालन और मत्स्य पालन क्षेत्र में बजट में विशेष प्रावधान किए गए हैं, जिससे पशुओं की सेहत और नस्ल सुधार में मदद मिलेगी। नवीकरणीय ऊर्जा के तहत 'प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना' को बढ़ावा देने के लिए कस्टम ड्यूटी में रियायत दी गई है।
युवाओं के लिए गेमिंग, एनीमेशन और कंटेंट क्रिएटर लैब जैसे आधुनिक क्षेत्रों में रोजगार के नए रास्ते खोले गए हैं। यूपी को एक-दो 'विश्वविद्यालय टाउनशिप' मिलने की भी प्रबल उम्मीद है, जो शिक्षा और तकनीक का हब बनेंगे।