Pahalgam attack: पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत-पाकिस्तान संबंधों में आए तनाव के बीच रूस ने बड़ा कदम उठाया है। रूसी दूतावास ने अपने नागरिकों को पाकिस्तान की यात्रा से बचने की सलाह दी है। रूस ने एक एडवाइजरी जारी करते हुए कहा कि भारत-पाकिस्तान के बीच बढ़ते तनाव और पाकिस्तानी अधिकारियों की आक्रामक भाषा को देखते हुए रूसी नागरिकों को स्थिति सामान्य होने तक पाकिस्तान जाने से बचना चाहिए।

पुतिन ने भारत का दिया साथ
इससे पहले, रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने पहलगाम हमले पर भारत के राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को संवेदना संदेश भेजा था। पुतिन ने कहा, 'यह क्रूर अपराध को किसी भी तरह से उचित नहीं ठहराया जा सकता। हमें विश्वास है कि अपराधियों को उनके अपराध की सजा मिलेगी।' उन्होंने आतंकवाद के खिलाफ भारत के साथ मिलकर काम करने की इच्छा भी जताई।

भारत-पाकिस्तान के बीच तनाव बढ़ा
पहलगाम हमले के बाद भारत ने पाकिस्तान के खिलाफ कई कड़े फैसले लिए हैं, जिनमें सबसे बड़ा सिंधु जल समझौता निलंबित करना शामिल है। इसके अलावा, भारत ने सार्क वीजा छूट योजना (SVES) रद्द करने के साथ-साथ अटारी बॉर्डर बंद करने जैसे कड़े कदम भी उठाए हैं। वहीं, पाकिस्तान ने भारतीय एयरलाइंस के लिए अपना एयरस्पेस बंद कर दिया है और वाघा बॉर्डर भी बंद कर दिया गया है। पाकिस्तान ने शिमला समझौते को निलंबित करने का भी फैसला किया है।

आतंकी हमले में 26 की मौत
22 अप्रैल को आतंकवादियों ने जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में पर्यटकों पर अंधाधुंध फायरिंग की थी। जिसमें 26 लोगों की मौत हो गई। आतंकियों ने पर्यटकों से धर्म और नाम पूछकर गोली चलाई। इस हमले में मरने वाले अधिकांश हिंदू धर्म से हैं।