इज़राइल की संसद में उस समय ऐतिहासिक माहौल बन गया जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदीने नेसेट में प्रवेश किया। सांसद अपनी सीटों से खड़े हो गए और पूरे सदन में ‘मोदी-मोदी’ के नारे गूंज उठे। कुछ ही देर में वे इज़राइल की संसद Knesset को संबोधित करेंगे- ऐसा करने वाले वे पहले भारतीय प्रधानमंत्री बनने जा रहे हैं।
इससे पहले इज़राइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने अपने संबोधन में पीएम मोदी को “ग्रेट फ्रेंड” बताया। उन्होंने कहा, “वे दोस्त से बढ़कर भाई हैं।” नेतन्याहू ने उन्हें दुनिया का सम्मानित और प्रभावशाली नेता करार दिया।
‘Modi Hug’ पर बोले नेतन्याहू: दोस्ती नहीं, असली अपनापन है ये
#Watch | We embraced each other because Prime Minister @narendramodi's personal embrace is something special. It’s called a Modi hug, well known around the world. When you hug someone closely, truly, it’s not an act, it’s real. I want to return that hug on behalf of all our… pic.twitter.com/JN4EU6q48d
— DD News (@DDNewslive) February 25, 2026
बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा, "हम दोनों के बीच व्यक्तिगत और दोनों देशों और हमारे लोगों के बीच एक शानदार दोस्ती रही है। आज सुबह, मेरी पत्नी सारा और मैंने एयरपोर्ट पर आपका स्वागत किया। जैसे ही आप सीढ़ियों से नीचे आए, हमने एक-दूसरे को गले लगा लिया। प्रधानमंत्री मोदी का गले लगना कुछ खास है। इसे मोदी हग कहा जाता है। यह दुनिया भर में मशहूर है। और जब आप किसी को करीब से सच में गले लगाते हैं, तो आप जानते हैं कि यह कोई दिखावा नहीं है। यह असल है। इसे मोदी हग कहा जाता है।"
नेतन्याहू का भावुक स्वागत: ‘महान दोस्त’ मोदी का जेरूसलम में अभिनंदन
बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा, "...मेरे प्यारे दोस्त नरेंद्र मोदी, मैं आज यहां आपके आने से बहुत खुश हूं। मैं इतना खुश कभी नहीं हुआ, जितना इज़राइल के एक महान दोस्त, भारत-इज़राइल गठबंधन के एक महान चैंपियन, दुनिया के मंच पर एक महान नेता के यहां आने से हुआ हूं। मेरे प्यारे दोस्त आपका और आपके खास प्रतिनिधिमंडल का जेरूसलम में स्वागत है।"
स्पीकर आमिर ओहाना ने कहा- ऐतिहासिक क्षण
#WATCH | Jerusalem, Israel: Amir Ohana, Speaker of the Knesset, says, "Today, it is my great privilege as Speaker of the Knesset to welcome him as the first Prime Minister of India to address the Knesset and to make history once again. Thank you, Prime Minister Modi..."
— ANI (@ANI) February 25, 2026
(Source:… pic.twitter.com/H6h8pNOurX
नेसेट के स्पीकर आमिर ओहाना ने कहा, "आज, नेसेट के स्पीकर के तौर पर यह मेरे लिए बहुत खुशी की बात है कि मैं उनका स्वागत कर रहा हूँ, क्योंकि वे भारत के पहले प्रधानमंत्री हैं जो नेसेट को संबोधित करके एक बार फिर इतिहास रचने वाले हैं। धन्यवाद, प्रधानमंत्री मोदी..."
#WATCH | Jerusalem, Israel: Israeli Prime Minister Benjamin Netanyahu says, "...I have to tell you, Narendra, my dear friend, I am deeply, deeply moved by your visit here today. I've never been more moved than by your visit here with us, a great friend of Israel, a great champion… pic.twitter.com/rZLEKXhrF8
— ANI (@ANI) February 25, 2026
#WATCH | PM @narendramodi received a rousing welcome upon his arrival at the Knesset for his address.@PMOIndia @MEAIndia #PMModiIsraelVisit pic.twitter.com/Qv89tqVg5H
— DD News (@DDNewslive) February 25, 2026
बेन गुरियन एयरपोर्ट पर भव्य स्वागत
दौरे की शुरुआत बेन गुरियन एयरपोर्ट पर भव्य स्वागत के साथ हुई। नेतन्याहू अपनी पत्नी सारा नेतन्याहू के साथ स्वयं एयरपोर्ट पहुंचे। राष्ट्रगान की धुन बजी, औपचारिक गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया और दोनों नेताओं ने गर्मजोशी से एक-दूसरे का अभिवादन किया। एयरपोर्ट पर ही दोनों नेताओं के बीच निजी बातचीत भी हुई।
इसके बाद पीएम मोदी होटल पहुंचे, जहां प्रवासी भारतीयों ने उत्साह के साथ स्वागत किया। सांस्कृतिक कार्यक्रमों और देशभक्ति गीतों ने माहौल को और खास बना दिया।
यह पीएम मोदी का इज़राइल का दूसरा दौरा है। इससे पहले वे जुलाई 2017 में तेल अवीव पहुंचे थे। 9 साल बाद हो रही यह यात्रा रक्षा, तकनीक, कृषि और रणनीतिक साझेदारी को नई मजबूती देने वाली मानी जा रही है। अब सबकी नजरें नेसेट में होने वाले उनके ऐतिहासिक संबोधन पर टिकी हैं।
प्रोटोकॉल से स्वागत और सारा नेतन्याहू की मौजूदगी
इजरायल में किसी विदेशी राष्ट्रप्रमुख के स्वागत के लिए प्रधानमंत्री का उनकी पत्नी के साथ हवाई अड्डे पर पहुंचना एक बड़ा सम्मान माना जाता है। सारा नेतन्याहू ने पीएम मोदी का गर्मजोशी से स्वागत किया और इस दौरान तीनों के बीच अनौपचारिक बातचीत भी हुई। इजरायली मीडिया के अनुसार, यह विशेष सम्मान केवल उन वैश्विक नेताओं को दिया जाता है जिन्हें इजरायल अपना सबसे करीबी और विश्वसनीय मित्र मानता है।
एयरपोर्ट पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम थे और चारों ओर 'स्पेशल गेस्ट' के स्वागत के लिए भारतीय तिरंगा और इजरायली झंडा लहरा रहा था।
तेल अवीव हवाई अड्डे पर मोदी का भव्य स्वागत- तस्वीरें
Deeply touched by the warm welcome extended by my friend, PM Netanyahu. May the India-Israel friendship continue to soar higher! 🇮🇳 🇮🇱@netanyahu pic.twitter.com/zl6Flj9wpz
— Narendra Modi (@narendramodi) February 25, 2026




‘प्रधानमंत्री नेतन्याहू और श्रीमती नेतन्याहू द्वारा एयरपोर्ट पर स्वागत किए जाने से मैं बहुत सम्मानित महसूस कर रहा हूं।
डिफेंस और ट्रेड: यात्रा के मुख्य रणनीतिक एजेंडे
इस यात्रा का उद्देश्य भारत और इजरायल के बीच रक्षा और व्यापारिक संबंधों को नई ऊंचाइयों पर ले जाना है। आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, दोनों नेता तेल अवीव में द्विपक्षीय वार्ता करेंगे, जिसमें लेजर-आधारित हवाई रक्षा प्रणाली, उन्नत ड्रोन तकनीक और साइबर सुरक्षा जैसे संवेदनशील विषयों पर चर्चा होगी।
भारत इजरायल के साथ अपने व्यापार घाटे को कम करने और 'मेक इन इंडिया' के तहत संयुक्त रक्षा उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए बड़े समझौतों पर हस्ताक्षर कर सकता है।
गाजा और क्षेत्रीय सुरक्षा पर भी होगी चर्चा
पीएम मोदी और नेतन्याहू की मुलाकात के दौरान गाजा की मौजूदा स्थिति और मध्य पूर्व में चल रहे संघर्षों पर भी चर्चा होने की उम्मीद है। भारत ने हमेशा से ही बातचीत के जरिए समाधान और मानवीय सहायता की वकालत की है।
इस दौरान भारत द्वारा प्रस्तावित 'हेक्सागन एलायंस' और क्षेत्रीय स्थिरता के लिए नए सुरक्षा ढांचे पर भी गहन विचार-विमर्श किया जाएगा। विशेषज्ञों का मानना है कि पीएम मोदी की यह यात्रा मध्य पूर्व की शांति प्रक्रिया में भारत की भूमिका को और अधिक प्रभावी बनाएगी।
द्विपक्षीय संबंधों का 'अपग्रेड' और वैश्विक संदेश
यह दौरा 2017 के बाद पीएम मोदी की दूसरी इजरायल यात्रा है, जिसे संबंधों को 'विशेष रणनीतिक साझेदारी' में बदलने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है। एयरपोर्ट पर अपने संक्षिप्त संबोधन में नेतन्याहू ने कहा कि इजरायल भारत के साथ अपने संबंधों को सर्वोच्च प्राथमिकता देता है।
पीएम मोदी भी तेल अवीव में भारतीय समुदाय के लोगों को संबोधित करेंगे, जहाँ उनके स्वागत के लिए बड़े पैमाने पर तैयारियां की गई हैं। यह यात्रा न केवल रक्षा बल्कि कृषि, जल प्रबंधन और अंतरिक्ष विज्ञान में भी सहयोग के नए द्वार खोलेगी।










