उत्तर प्रदेश के संभल जिले में प्रशासन ने अवैध निर्माणों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाते हुए शुक्रवार की सुबह, जुमे की नमाज से ठीक पहले प्रशासन की टीम ने भारी पुलिस बल के साथ सरकारी जमीन पर बनी एक अवैध मस्जिद और मदरसे को ध्वस्त कर दिया।
क्रेन मशीन के जरिए मस्जिद की ऊंची मीनार को गिराने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल है। इस कार्रवाई के दौरान इलाके में तनाव को देखते हुए चप्पे-चप्पे पर फोर्स तैनात रही।
यह पूरी घटना संभल के असमोली थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले गांव मुबारकपुर बंद की है। प्रशासन के अनुसार, यहाँ सरकारी जमीन ग्राम समाज पर लंबे समय से अवैध रूप से मस्जिद और मदरसे का निर्माण किया गया था।
इस अवैध निर्माण को हटाने के लिए तहसीलदार न्यायालय से आदेश जारी हुआ था। शुक्रवार सुबह तहसीलदार, नायब तहसीलदार और एसडीएम के नेतृत्व में राजस्व विभाग की टीम बुलडोजर और क्रेन लेकर मौके पर पहुँची और ध्वस्तीकरण की प्रक्रिया शुरू की।
कार्रवाई इतनी तेज थी कि देखते ही देखते सरकारी जमीन पर खड़ा मदरसा मलबे के ढेर में बदल गया। सबसे चुनौतीपूर्ण कार्य मस्जिद की ऊंची मीनार को गिराना था, जिसके लिए विशेष क्रेन मशीन का सहारा लिया गया।
पुलिस की मौजूदगी में क्रेन ने मीनार को जमींदोज कर दिया। मस्जिद और मदरसे के अलावा, प्रशासन ने पास में बनी पाँच दुकानें, एक प्राइमरी स्कूल और कई मकानों को भी अवैध पाया, जिन्हें ढहाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
हैरानी की बात यह रही कि प्रशासन की टीम पहुँचने से पहले ही कुछ ग्रामीणों ने स्वयं भी अवैध निर्माण को तोड़ने की कोशिश की थी। ग्रामीणों का तर्क था कि उनके पास संसाधनों की कमी है, इसलिए वे मीनार जैसे ऊंचे निर्माणों को नहीं गिरा पा रहे थे।
उन्होंने प्रशासन से मांग की थी कि वे स्वयं हस्तक्षेप कर इस सरकारी जमीन को पूरी तरह मुक्त कराएं। प्रशासन के अनुसार, यह अवैध निर्माण खाद के गड्ढे और खेल के मैदान की जमीन पर किया गया था।
चूँकि कार्रवाई शुक्रवार को हुई, इसलिए प्रशासन ने शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए विशेष इंतजाम किए थे। मुबारकपुर बंद और आसपास के संवेदनशील इलाकों में भारी पुलिस बल और पीएसी की तैनाती की गई।
जुमे की नमाज के दौरान कोई अप्रिय घटना न हो, इसके लिए ड्रोन कैमरों से भी निगरानी रखी गई। अधिकारियों ने स्थानीय धर्मगुरुओं और संभ्रांत लोगों से बात कर शांति बनाए रखने की अपील की है।