हरियाणा के करनाल के सीएसएसआरआई (CSSRI) परिसर में रविवार शाम को कार सीखने के दौरान हुए भयानक हादसे ने एक हंसते-खेलते परिवार को उजाड़ दिया। गाड़ी चलाना सीखने के उत्साह के बीच छोटी सी चूक ने मां और उसकी 5 साल की मासूम बेटी की जान ले ली।
ड्राइविंग सीखने के दौरान हुआ हादसा
पंचकूला स्थित हरियाणा सचिवालय में कार्यरत 35 वर्षीय आरती अपने पति ब्रिजेश की देखरेख में कार चलाने का अभ्यास कर रही थी। आरती को ड्राइविंग सीखने का काफी शौक था, जिसके चलते रविवार शाम करीब 6 बजे वह कैंपस के अंदर ही नई कार पर प्रैक्टिस कर रही थी। उस समय कार की अगली सीट पर आरती के पति ब्रिजेश बैठे थे और उनकी गोद में उनकी 5 साल की बेटी अयांशी बैठी थी।
तभी अचानक कार का संतुलन बिगड़ गया। प्रत्यक्षदर्शियों और परिजनों के अनुसार आरती ने ब्रेक लगाने की कोशिश की थी, लेकिन हड़बड़ाहट में उसका पैर एक्सीलेटर पर दब गया। रफ्तार बढ़ते ही कार अनियंत्रित होकर सीधे सामने लगे एक पेड़ से जा टकराई।
शीशे से टकराया मासूम का सिर, रास्ते में तोड़ा दम
टक्कर इतनी भीषण थी कि कार का अगला हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। पिता की गोद में बैठी मासूम अयांशी का सिर कार के सामने वाले शीशे (विंडस्क्रीन) से पूरी ताकत के साथ टकराया। लहूलुहान हालत में परिजन और आसपास के लोग बच्ची को लेकर तुरंत अस्पताल की ओर भागे, लेकिन घाव इतने गहरे थे कि मासूम ने रास्ते में ही दम तोड़ दिया।
बेटी की मौत का सदमा नहीं सह पाई मां
हादसे के बाद आरती की स्थिति भी गंभीर हो गई थी, लेकिन उससे भी ज्यादा गहरा घाव उसे अपनी बेटी की मौत की खबर ने दिया। अपनी आंखों के सामने लाडली को खोने का दुख वह सहन नहीं कर पाई और उसे गहरा मानसिक व शारीरिक सदमा लगा। उसे तुरंत करनाल के अमृतधारा अस्पताल में भर्ती कराया गया, लेकिन रात करीब पौने आठ बजे आरती ने भी अंतिम सांस ली। एक ही शाम में दो मौतों ने पूरे इलाके को सुन्न कर दिया है।
हाल ही में नई कार खरीदी थी
इस दुखद घटना के बाद परिवार में कोहराम मच गया। ब्रिजेश के सहकर्मी विकास ने बताया कि आरती और ब्रिजेश ने हाल ही में नई कार खरीदी थी। अयांशी ने अभी हाल ही में एलकेजी कक्षा पास की थी। अयांशी के अलावा आरती की एक और 7 महीने की छोटी बेटी भी है, जिसके सिर से अब मां और बड़ी बहन का साया हमेशा के लिए उठ गया।
पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपे
घटना की सूचना मिलते ही रामनगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची। जांच अधिकारी प्रदीप कुमार ने बताया कि पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर करनाल के कल्पना चावला मेडिकल कॉलेज के शवगृह (मोर्च्युरी हाउस) में भिजवाया। सोमवार को पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी करने के बाद शव परिजनों को सौंप दिए गए हैं।









