Nuh ration scam: हरियाणा के नूंह जिले के खेड़ली कलां गांव में सरकारी राशन वितरण प्रणाली में बड़ी धांधली का मामला गरमा गया है। गांव के दर्जनों लाभार्थियों ने डिपो होल्डर और उसके सहयोगियों पर गरीबों के हक का अनाज हड़पने के गंभीर आरोप लगाए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि पीओएस मशीन पर अंगूठा लगवाने के बावजूद उन्हें महीनों से राशन नहीं दिया जा रहा है।
"अंगूठा लगवा लिया, पर अनाज नहीं दिया"
पीड़ित कार्डधारक तौफीक और अन्य ग्रामीणों ने बताया कि डिपो होल्डर उमर और उसका सहयोगी कासम पिछले 4-5 महीनों से उन्हें गुमराह कर रहे हैं। तौफीक के अनुसार, "हमसे मशीन पर अंगूठा तो लगवा लिया जाता है ताकि सरकारी रिकॉर्ड में वितरण पूरा दिखे, लेकिन जब अनाज मांगने जाते हैं तो बहाने बनाकर वापस भेज दिया जाता है। इस तरह कई महीनों का राशन हड़प लिया गया है।"
अधिकारियों पर मिलीभगत और रिश्वत के आरोप
ग्रामीणों का गुस्सा केवल डिपो होल्डर पर ही नहीं, बल्कि प्रशासनिक अधिकारियों पर भी है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि इस धांधली की शिकायत सीएम विंडो और विभाग को कई बार दी गई, लेकिन कोई समाधान नहीं निकला। सबसे चौंकाने वाला आरोप यह है कि डिपो की सप्लाई पहले सस्पेंड की गई थी, लेकिन कथित तौर पर करीब 3 लाख रुपये की साठगांठ कर इसे दोबारा बहाल कर दिया गया। ग्रामीणों का कहना है कि अब अधिकारी उनके फोन तक नहीं उठा रहे हैं।
ग्रामीणों ने आंदोलन की चेतावनी
खेड़ली कलां गांव के करीब 60-70 परिवार इस कथित घोटाले से प्रभावित हैं। ग्रामीणों ने अब अतिरिक्त उपायुक्त से मिलकर न्याय की गुहार लगाई है। उन्होंने साफ चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही आरोपी डिपो होल्डर पर सख्त कार्रवाई नहीं हुई और उनका बकाया राशन नहीं मिला, तो वे बड़ा आंदोलन शुरू करेंगे।
विभागीय पक्ष ने बताया आरोपों को निराधार
इस पूरे मामले पर खाद्य आपूर्ति विभाग के इंस्पेक्टर उमर का कहना है कि ग्रामीणों द्वारा लगाए गए आरोप निराधार हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि उक्त डिपो होल्डर की सप्लाई फरवरी माह से ही बंद कर दी गई है और गांव में राशन का वितरण सुचारू रूप से किया जा रहा है।
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