Delhi Police: दिल्ली के लक्ष्मीनगर से एक हैरान कर देने वाली घटना सामने आ रही है। यहां एक बेटे ने अपने ही पिता से 10 लाख रुपए की धनराशि को लूटने का काम किया है। जानिए क्या है पूरा मामला?

Delhi Police: पूर्वी दिल्ली के लक्ष्मीनगर इलाके में 31 मार्च 2026 को एक सनसनीखेज लूट की घटना हुई। एक बिजनेसमैन अपने साथ 10 लाख रुपये लेकर जा रहा था। इसी दौरान दो नकाबपोश युवकों ने उन्हें रोका। उनमें से एक ने पिस्तौल दिखाकर डराया और हवा में दो गोली चलाई। डर के मारे पीड़ित ने बैग में रखा पूरा पैसा लुटेरों को दे दिया। लुटेरे सफेद रंग की स्कूटी पर सवार थे और घटना के बाद फरार हो गए। इसके बाद पीड़ित ने तुरंत डायल 112 पर सूचना दी।

दिल्ली पुलिस ने मामले की जांच शुरू की। टीम ने 200 से ज्यादा सीसीटीवी फुटेज खंगाली और तकनीकी सर्विलांस का सहारा लिया। कुछ ही घंटों में पुलिस को पता चला कि यह लूट सामान्य नहीं बल्कि पहले से रची गई साजिश थी। मुख्य आरोपी पीड़ित का अपना बेटा तवलीन उर्फ रहत (21 वर्ष) निकला। तवलीन ने अपने दो दोस्तों मोहित कुमार तिवारी (22 वर्ष) और पंकज (22 वर्ष) के साथ मिलकर पूरी योजना बनाई थी। तवलीन स्कूटी चला रहा था जबकि मोहित उसके पीछे बैठा था और उसने पीड़ित को डराने के लिए हवा में दो बार फायरिंग की।

पूछताछ में तवलीन ने बताया कि वह ऐशो-आराम की जिंदगी जीना चाहता था। घर से मिलने वाले जेब खर्च से उसके शौक पूरे नहीं हो रहे थे। इसलिए उसने पिता से पैसे लूटने की ठान ली। तीनों आरोपी कुछ समय से साथ रह रहे थे। पंकज ने योजना का खाका तैयार किया। मोहित ने बिहार के मुंगेर से करीब 45 हजार रुपये में अवैध पिस्तौल मंगवाई। वारदात से पहले दोनों दोस्त तवलीन के घर पर ही रुके थे और साजिश को अंतिम रूप दिया। लूट के बाद मोहित और पंकज आनंद विहार से प्राइवेट बस पकड़कर बिहार भागने की कोशिश कर रहे थे।

पुलिस ने महज 24 घंटे के अंदर पूरे मामले का खुलासा कर दिया और तवलीन को मुखर्जी नगर से भागते समय गिरफ्तार कर लिया। उसके दो साथियों को लखनऊ टोल प्लाजा के पास पकड़ा गया। सभी तीनों आरोपियों को लक्ष्मी नगर थाने में हिरासत में लिया गया। पुलिस ने लूट के पूरे 10 लाख रुपये भी बरामद कर लिए, जो तवलीन की नानी के घर छिपाया गया था। पुलिस फिलहाल मामले की जांच में जुटी हुई है।