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Delhi Coaching Hadsa: दिल्ली के ओल्ड राजेंद्र नगर में स्थित राव आईएएस कोचिंग सेंटर के बेसमेंट में चल रहे लाइब्रेरी में पानी भरने से 3 छात्रों की डूबकर मौत हो गई थी। इस मामले में पुलिस ने कोचिंग सेंटर के मालिक और सीईओ समेत कई अन्य आरोपियों को हिरासत में लिया था। कल यानी 23 सितंबर को दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने राव आईएएस कोचिंग के मालिक और सीईओ को अंतरिम जमानत दे दी है। 

इससे पहले 4 को-ऑनर को मिल चुकी है जमानत

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, कोर्ट ने आज कोचिंग हादसे मामले में फैसला सुनाते हुए सेंटर के मालिक, सीईओ अभिषेक गुप्ता और को-ऑर्डि नेटर देशपाल सिंह को अंतरिम जमानत दे दी है। बताते चलें कि कोर्ट ने कोचिंग के को-ऑर्डिनेटर और सीईओ को एक लाख रुपये के जमानत बॉन्ड और एक लाख की ही दो जमानत राशि भरने पर अंतरिम जमानत देने का फैसला सुना दिया है। दोनों आरोपियों को कोर्ट से 7 दिसंबर तक के लिए अंतरिम जमानत मिली है। इससे पहले दिल्ली हाईकोर्ट ने इसी मामले में राव कोचिंग के 4 को-ऑनर को भी अंतरिम जमानत दे दी थी, जिनमें परविंदर सिंह, हरविंदर सिंह, तजिंदर सिंह और सबरजीत सिंह शामिल हैं। 

क्या है कोचिंग हादसे का पूरा मामला

बताते चलें कि करीब 2 महीने पहले 27 जुलाई को दिल्ली के ओल्ड राजेंद्र नगर इलाके में यह हादसा हुआ था, हादसे के दौरान कोचिंग के बेसमेंट में चल रही लाइब्रेरी में छात्र पढ़ाई कर रहे थे, तभी सड़क पर भरे पानी के दबाव से दरवाजा टूटा और सारा पानी बेसमेंट में आ घुसा, इससे छात्रों को भागने का मौका ही नहीं मिला और यूपीएससी की तैयारी कर रहे 3 छात्रों की मौत हो गई थी। इस घटना को लेकर महीनों तक आंदोलन चलता रहा। इस हादसे के लिए एमसीडी से लेकर कई सरकारी विभाग को आरोपी बताया गया। हादसे के बाद दिल्ली में करीब 200 कोचिंग सेंटर को सील कर दिया गया, जहां बेसमेंट में क्लास चलती थी।

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