कुलजोत सिंह संधु - फरसगांव। छत्तीसगढ़ के केशकाल थाना क्षेत्र स्थित फरसगांव के सिवनिपाल गांव से एक चिंताजनक घटना सामने आई है, जहां मोबाइल न देने पर नाराज़ 10 वर्षीय बच्चे ने गुस्से में आकर यूरिया खाद का सेवन कर लिया। परिजनों की समय पर समझदारी और अस्पताल में तत्काल उपचार के कारण बच्चे की जान बच गई। फिलहाल उसकी स्थिति सामान्य बताई जा रही है।
मोबाइल न मिलने पर उठाया खतरनाक कदम
ग्राम सिवनिपाल में रहने वाले 10 वर्षीय बच्चे ने पिता द्वारा मोबाइल न देने पर गुस्से में यूरिया खा लिया। यह कदम अचानक और आवेश में उठाया गया, जिससे परिवार में अफरा-तफरी मच गई। घटना के तुरंत बाद परिजनों ने स्थिति बिगड़ती देख बच्चे को केशकाल अस्पताल पहुंचाया।
#फरसगांव के सिवनिपाल गांव में मोबाइल न मिलने पर 10 वर्षीय बच्चे ने गुस्से में यूरिया खा लिया। समय रहते अस्पताल पहुंचाए जाने से बच्चे की जान बच गई।@KondagaonDist #Childureaintake #Pharsagaon #mobiledispute pic.twitter.com/Dv7qDVXsCl
— Haribhoomi (@Haribhoomi95271) April 19, 2026
डॉक्टरों की तत्परता से बची जान
अस्पताल पहुंचने पर बच्चे की हालत गंभीर थी। डॉक्टरों ने तुरंत पाइप लगाकर बच्चे के पेट से यूरिया बाहर निकाला। प्राथमिक उपचार के बाद उसकी हालत स्थिर हो गई है। डॉक्टरों के अनुसार समय रहते लाया जाना ही बच्चे की जान बचाने में सबसे महत्वपूर्ण भूमिका साबित हुआ।
पुलिस और ग्रामीणों में जागरूकता की जरूरत
यह घटना दर्शाती है कि अभिभावकों और बच्चों के बीच संवाद की कमी कई बार गंभीर स्थितियां पैदा कर सकती है। ऐसे मामलों में बच्चों के मानसिक दबाव और उनकी प्रतिक्रियाओं को समझना बेहद जरूरी है।
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