रायपुर। छत्तीसगढ़ राज्य पॉवर कंपनी में अब तक बिजली के मीटरों की रीडिंग का काम सिर्फ पुरुषों से कराया जाता रहा, लेकिन अब इस परंपरा को बदलने का काम किया गया है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के गृह जिले जशपुर में 20 महिलाएं घर-घर जाकर मीटरों की रीडिंग करने का काम कर रही हैं। इन महिलाओं को प्रति मीटर रीडिंग के 12 रुपए मिल रहे हैं। एक महिला 500 से 750 मीटरों की रीडिंग हर माह कर रही है। आने वाले समय में दूसरे जिलों में भी महिलाओं को यह काम दिया जाएगा।
पॉवर कंपनी में कुछ काम ऐसे हैं, जिनको पुरुषों से ही कराया जाता है। ऐसे ही कामों में मीटरों की रीडिंग का भी काम है। बरसों से घरेलू के साथ गैर घरेलू कनेक्शनों में मीटर रीडिंग का काम पुरुष कर्मचारी ही करते रहे हैं, लेकिन अब इस धारणा को बदलने का काम किया जा रहा है।
जशपुर से आगाज
छत्तीसगढ़ राज्य पॉवर कंपनी ने पहली बार महिलाओं से बिजली के मीटरों की रीडिंग का काम कराने का आगाज जशपुर से किया है। यहां पर स्व सहायता समूह की महिलाओं को यह काम दिया गया है। इस समूह की 20 महिलाएं इस समय काम कर रही हैं। पॉवर कंपनी के अधिकारियों के मुताबिक रीडिंग का काम किसी समूह को नहीं जाता, भले ही महिलाएं स्व सहायता समूह की है, लेकिन अलग-अलग महिलाओं के साथ अलग-अलग अनुबंध किया गया है।
इस समय जो भी महिलाएं रीडिंग का काम कर रही हैं, वो हर माह 500 से 750 घरों तक जाकर रीडिंग कर रही हैं। इनको एक कनेक्शन के 12 रुपए के हिसाब से पैसे दिए जाते हैं। ऐसे में 500 रीडिंग करने वाली महिलाओं को हर माह छह हजार रुपए और 750 घरों तक जाकर रीडिंग करने वाली महिलाओं को नौ हजार रुपए हर माह मिल रहे हैं। आने वाले समय में इन महिलाओं की रीडिंग की रफ्तार बढ़ेगी, तो ये हजार घरों तक भी जाकर रीडिंग करने का काम कर सकती हैं। ऐसा करने वाली महिलाओं को 12 हजार रुपए हर माह मिल जाएंगे।
दूसरे जिलों में भी देंगे काम
वितरण कंपनी एमडी भीम सिंह कंवर ने कहा कि, जिस भी जिले की महिलाएं मीटर रीडिंग का काम करना चाहेगी, उनको भी काम दिया जाएगा। पॉवर कपनी महिलाओं के लिए भी विभिन्न क्षेत्रों में रोजगार का अवसर देने का काम कर रही है।