Census 2027: भारत सरकार ने देश की अगली जनगणना (Census 2027) के लिए कमर कस ली है। इस बार की जनगणना बेहद खास और आधुनिक होने वाली है, क्योंकि इसमें डिजिटल माध्यमों का बड़े पैमाने पर उपयोग किया जाएगा। सरकार ने स्पष्ट किया है कि इस सर्वे के दौरान नागरिकों से कुल 33 सवाल पूछे जाएंगे। इन सवालों का मकसद देश की जनसंख्या, रहन-सहन के स्तर और बुनियादी सुविधाओं की सटीक जानकारी जुटाना है ताकि भविष्य की योजनाएं बेहतर तरीके से बनाई जा सकें।
17 अप्रैल से खुद भी भर सकेंगे ऑनलाइन जानकारी
जनगणना की प्रक्रिया को आसान बनाने के लिए सरकार ने नागरिकों को खुद जानकारी भरने का विकल्प दिया है। 17 अप्रैल से 1 मई तक ऑनलाइन पोर्टल खुला रहेगा, जहाँ लोग अपनी और अपने परिवार की जानकारी खुद दर्ज कर सकेंगे। इसके बाद, जो लोग ऑनलाइन जानकारी नहीं भर पाएंगे, उनके लिए 2 मई से 31 मई तक सरकारी कर्मचारी (प्रगणक) घर-घर जाकर डेटा एकत्र करेंगे।
परिवार और घर की स्थिति पर 8 अहम सवाल
सर्वे की शुरुआत परिवार के बुनियादी ढांचे से होगी। इसमें परिवार के सदस्यों की कुल संख्या, घर में रहने वाले लोगों का विवरण और परिवार के मुखिया का नाम व लिंग पूछा जाएगा। इसके साथ ही, मुखिया की जाति, मकान का मालिकाना हक (अपना या किराये का), घर में कमरों की संख्या और घर में रहने वाले विवाहित जोड़ों की जानकारी देना अनिवार्य होगा।

पानी, सफाई और रसोई से जुड़े 10 सवाल
सरकार यह भी जानना चाहती है कि देश के नागरिकों को बुनियादी सुविधाएं कितनी मिल रही हैं। इसके लिए पानी के मुख्य स्रोत, पेयजल की उपलब्धता, बिजली या रोशनी का साधन और शौचालय की स्थिति पर सवाल होंगे। इसके अलावा, गंदे पानी की निकासी (ड्रेनेज), स्नानघर की सुविधा, रसोईघर का प्रकार और खाना पकाने के लिए इस्तेमाल होने वाले ईंधन व मुख्य अनाज की जानकारी मांगी जाएगी।

मकान की बनावट और स्थिति पर 7 प्रश्न
जनगणना में मकान की मजबूती और निर्माण सामग्री पर भी फोकस रहेगा। प्रगणक आपसे मकान नंबर के साथ यह पूछेंगे कि घर का फर्श, दीवार और छत किस सामग्री (जैसे सीमेंट, ईंट, मिट्टी या पत्थर) से बनी है। साथ ही, मकान का वर्तमान उपयोग (आवासीय या व्यावसायिक) और उसकी मौजूदा स्थिति की जानकारी भी ली जाएगी।
डिजिटल और घरेलू साधनों पर 8 सवाल
आधुनिक जीवनशैली को समझने के लिए सरकार आपसे रेडियो, टीवी, इंटरनेट और कंप्यूटर की उपलब्धता के बारे में पूछेगी। इसके साथ ही मोबाइल या स्मार्टफोन, दोपहिया वाहन (साइकिल, स्कूटर) और चार पहिया वाहन (कार, जीप) की जानकारी देनी होगी। संचार के लिए आपका मोबाइल नंबर भी डेटाबेस में दर्ज किया जाएगा।










