Gardening Tips: हरसिंगार के सफेद फूल बगीचे की खूबसूरती बढ़ा देते हैं। आप इस पौधे को घर पर आसानी से प्लांट कर देखभाल कर सकते हैं।

Gardening Tips: सुबह-सुबह आंगन में गिरे सफेद फूल और उनके बीच चमकता केसरिया डंठल…यही खूबसूरती है हरसिंगार की। इसे पारिजात भी कहा जाता है। रात में खिलने और सुबह जमीन पर बिखर जाने वाले ये फूल न सिर्फ बगीचे की शोभा बढ़ाते हैं, बल्कि हल्की-सी खुशबू से माहौल को भी ताजगी से भर देते हैं।

हरसिंगार का पौधा ज्यादा देखभाल नहीं मांगता, इसलिए यह घरेलू बगीचों के लिए परफेक्ट माना जाता है। सही जगह, सही मिट्टी और थोड़ा-सा धैर्य बस इतनी तैयारी से आपका गार्डन कुछ ही महीनों में सफेद फूलों से लहलहा सकता है। 

हरसिंगार पौधा लगाने और देखभाल के टिप्स

सही जगह का चुनाव
हरसिंगार को धूप और हल्की छांव दोनों पसंद हैं। इसे ऐसी जगह लगाएं जहां रोज 4-6 घंटे की धूप मिल सके। बहुत ज्यादा तेज धूप में छोटे पौधे की पत्तियां झुलस सकती हैं, इसलिए शुरुआत में हल्की छाया बेहतर रहती है। अगर आप गमले में लगा रहे हैं, तो 12-16 इंच का बड़ा गमला चुनें।

मिट्टी कैसी हो?
इस पौधे के लिए अच्छी जलनिकासी वाली दोमट मिट्टी सबसे बेहतर रहती है। आप 40% गार्डन सॉइल, 30% रेत और 30% गोबर की सड़ी खाद मिलाकर मिश्रण तैयार कर सकते हैं। मिट्टी ज्यादा कड़ी न हो, वरना जड़ें फैल नहीं पाएंगी। रोपण से पहले गड्ढे में थोड़ी जैविक खाद जरूर डालें।

पौधा लगाने की विधि
नर्सरी से स्वस्थ और हरे पत्तों वाला पौधा चुनें। जमीन में लगभग 1-1.5 फुट गहरा गड्ढा खोदें। पौधे को सावधानी से रखें और मिट्टी भरकर हल्के हाथ से दबा दें। तुरंत हल्का पानी दें ताकि मिट्टी जड़ों से अच्छी तरह चिपक जाए। गमले में लगाते समय नीचे ड्रेनेज होल जरूर होना चाहिए।

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सिंचाई और देखभाल
हरसिंगार को ज्यादा पानी की जरूरत नहीं होती। गर्मियों में 2-3 दिन में एक बार और सर्दियों में हफ्ते में एक बार पानी देना पर्याप्त है। ध्यान रखें कि पानी जमा न हो, वरना जड़ें सड़ सकती हैं। हर 2-3 महीने में जैविक खाद डालने से फूलों की संख्या बढ़ती है। सूखी और पीली टहनियों की समय-समय पर छंटाई करें।

कब आएंगे फूल?
आमतौर पर मानसून के बाद से लेकर शरद ऋतु तक इस पौधे में फूल आने लगते हैं। सुबह जमीन पर गिरे फूलों को इकट्ठा करना भी अपने आप में एक सुखद अनुभव है। सही देखभाल मिलने पर पौधा हर साल और ज्यादा घना व खूबसूरत होता जाता है।

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