HDFC Q4 Results: देश के सबसे बड़े निजी बैंकों में शामिल एचडीएफसी ने वित्त वर्ष 2025-26 की चौथी तिमाही के नतीजे जारी कर दिए। बैंक ने इस तिमाही में 9% की सालाना बढ़त के साथ 19221 करोड़ का शुद्ध मुनाफा दर्ज किया, जो पिछले साल इसी अवधि में 17616 करोड़ था।
बैंक ने निवेशकों के लिए 13 प्रति शेयर फाइनल डिविडेंड का ऐलान किया। इसके लिए रिकॉर्ड डेट 19 जून 2026 तय की गई। इसके अलावा, बैंक पहले ही अगस्त 2025 में 2.5 प्रति शेयर का स्पेशल इंटरिम डिविडेंड दे चुका।
राजस्व और कमाई में स्थिर बढ़त
मार्च 2026 तिमाही में बैंक का कुल नेट रेवेन्यू 5% बढ़कर 46280 करोड़ रहा, जो पिछले साल 44,090 करोड़ था। वहीं नेट इंटरेस्ट इनकम 3.2% बढ़कर 33080 करोड़ पहुंच गई। बैंक का नेट इंटरेस्ट मार्जिनकुल एसेट पर 3.38% और इंटरेस्ट कमाने वाले एसेट पर 3.53% रहा।
एसेट क्वालिटी में सुधार
इस तिमाही में बैंक की एसेट क्वालिटी बेहतर हुई है। ग्रॉस एनपीए घटकर 1.15% हो गया, जो दिसंबर 2025 में 1.24% और मार्च 2025 में 1.33% था। वहीं नेट एनपीए 0.38% पर रहा। यह संकेत देता है कि बैंक का लोन पोर्टफोलियो पहले से ज्यादा मजबूत हुआ है।
प्रावधान और कैपिटल पोजिशन कैसी
तिमाही के दौरान प्रावधान और आकस्मिक खर्च 2,610 करोड़ रहे। बैंक का कुल कैपिटल एडिक्वेसी रेश्यो 19.7% रहा, जो नियामक आवश्यकता 11.9% से काफी अधिक है। टियर-1 CAR 17.7% और CET1 17.3% रहा, जो मजबूत पूंजी स्थिति को दिखाता है।
डिपॉजिट और कासा में भी बढ़त
बैंक के औसत डिपॉजिट 28.5 लाख करोड़ रहे, जो सालाना आधार पर 12.8% की बढ़त है। वहीं CASA डिपॉजिट 9.18 लाख करोड़ रहा, जिसमें 10.8% की वृद्धि हुई। यह बैंक की मजबूत फंडिंग क्षमता को दिखाता है।
31 मार्च 2026 तक बैंक के पास 9689 ब्रांच और 21172 एटीएम का नेटवर्क है, जो पिछले साल के मुकाबले बढ़ा है। यह विस्तार बैंक की पहुंच और ग्राहक आधार को मजबूत करता है।
शेयर बाजार और प्रबंधन अपडेट
नतीजों से पहले बीएसई पर बैंक का शेयर 0.6% बढ़कर 800 पर बंद हुआ। यह रिजल्ट ऐसे समय आया है, जब हाल ही में पूर्व पार्ट-टाइम चेयरमैन अतानु चक्रवर्ती ने 17 मार्च को इस्तीफा दिया था।
एचडीएफसी बैंक के नतीजे बताते हैं कि बैंक स्थिर ग्रोथ, मजबूत एसेट क्वालिटी और बेहतर कैपिटल के साथ आगे बढ़ रहा है। निवेशकों के लिए डिविडेंड और मजबूत फंडामेंटल इसे आकर्षक बनाते हैं।
(प्रियंका कुमारी)