बेमेतरा में करोड़ों का धान घोटाला: संग्रहण केंद्र से लगभग 17 करोड़ का 53,639 क्विंटल धान गायब, प्रभारी तुरंत हटाया गया
बेमेतरा के सरदा लेंजवारा धान संग्रहण केंद्र से 53,639 क्विंटल धान गायब, जिसकी कीमत 16.62 करोड़ से अधिक है। जांच रिपोर्ट कलेक्टर को सौंपी गई और प्रभारी हटाया गया।
धान संग्रहण केंद्र की स्थिति
सूरज सिन्हा - बेमेतरा। छत्तीसगढ़ के बेमेतरा जिले में एक बार फिर धान घोटाले का बड़ा मामला उजागर हुआ है। सरदा लेंजवारा धान संग्रहण केंद्र में भौतिक सत्यापन के दौरान भारी गड़बड़ी सामने आई, जिसमें लाखों क्विंटल धान गायब पाया गया। प्रशासन ने तुरंत कार्रवाई करते हुए केंद्र प्रभारी को हटा दिया है।
सत्यापन में उजागर हुआ करोड़ों का धान घोटाला
खाद्य विभाग की टीम द्वारा किए गए भौतिक सत्यापन में पाया गया कि संग्रहण केंद्र पर 2024-25 का कुल 65,287 क्विंटल धान डंप होना चाहिए था। लेकिन मौके पर मात्र 11,648 क्विंटल धान मिला। इस तरह 53,639 क्विंटल धान कम पाया गया, जिसकी अनुमानित बाजार कीमत 16.62 करोड़ रुपए से अधिक आंकी गई है।
केंद्र प्रभारी नीतीश पाठक को तत्काल हटाया गया
जांच में गड़बड़ी की पुष्टि होते ही प्रशासन ने कड़ी कार्रवाई करते हुए धान संग्रहण केंद्र प्रभारी नीतीश पाठक को तत्काल प्रभाव से पद से हटा दिया है।
जांच दल ने कलेक्टर को सौंपी रिपोर्ट
खाद्य विभाग, सहकारिता, मंडी और अन्य संबंधित विभागों की संयुक्त टीम मौके पर पहुंची और विस्तृत जांच की। टीम ने घोटाले की पुष्टि करते हुए पूरा प्रतिवेदन जिला कलेक्टर को सौंप दिया है।
जिला प्रशासन में मचा हड़कंप
इतने बड़े पैमाने पर धान के गायब होने से जिला प्रशासन में हड़कंप मच गया है। अधिकारी अब यह जानने में जुटे हैं कि धान कहाँ गया और इसमें किन-किन की संलिप्तता है।
खाद्य अधिकारी ने दी जानकारी
खाद्य अधिकारी ओंकार सिंह ठाकुर ने बताया कि रिकॉर्ड और वास्तविक धान में भारी अंतर पाया गया है। उन्होंने पुष्टि की कि 53,639 क्विंटल धान गायब है, जिसकी कीमत लगभग 17 करोड़ रुपये तक पहुँचती है।