भारतीय विज्ञान शिक्षा और अनुसंधान संस्थान: बेमेतरा के पांच शिक्षक-शिक्षिकाओं ने पुणे की कार्यशाला में दी सहभागिता
बेमेतरा जिले के पांच नवाचारी शिक्षक-शिक्षिकाओं ने भारतीय विज्ञान शिक्षा और अनुसंधान संस्थान पुणे की कार्यशाला में सहभागिता दी।
बेमेतरा जिले के पांच नवाचारी शिक्षक-शिक्षिकाएं
बेमेतरा। राष्ट्रीय आविष्कार अभियान के अंतर्गत देश के सबसे बड़े भारतीय विज्ञान शिक्षा और अनुसंधान संस्थान पुणे में तीन दिवसीय 28 से 30 जनवरी 2026 तक कार्यशाला का आयोजन किया गया। इसमें बेमेतरा जिले से पांच नवाचारी शिक्षक-शिक्षिकाएं, कुमार वर्मा, शीतल बैस नवागढ़, सावित्री साहू बेरला, निखिल तिवारी साजा और उद्धव साहू बेमेतरा विकास खंड से शामिल हुए।
जिसमें नवागढ़ विकासखंड के नवाचारी शिक्षक कुमार वर्मा के द्वारा दुर्ग संभाग से आए हुए शिक्षकों का प्रतिनिधित्व किया। शिक्षक कुमार वर्मा ने बताया कि, राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के तहत शिक्षा में आए बदलाव, आवश्यकता, विज्ञान शिक्षा में सुधार के प्रयास किए जा रहे हैं। जिसमें प्रयोगात्मक शिक्षा और आधुनिक तकनीकों का उपयोग शामिल है।
इन चीजों पर दिया गया विशेष बल
बच्चों में किस प्रकार आधुनिक तकनीकों के उपयोग कर उनके शिक्षा स्तर में सुधार करे, सहायक सामग्री निर्माण कर अधिकतम उपयोग पर जोर, बेहतर और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के लिए प्रयोग शालाओं का अधिक से अधिक उपयोग करने पर बल दिया गया है। इसके साथ ही बाल मनोवैज्ञानिक सोच उत्पन्न करने के लिए बच्चों को शुरुआत से ही बेसिक शिक्षा देने, तर्कशक्ति, जिज्ञासा, कल्पना शक्ति, अध्यापन को रुचिकर बनाने, नई नई खोज करने, खोजी प्रवृत्ति की समझ पैदा करने, बच्चों के मनोभावों को समझने का प्रयास करते हुए शिक्षा प्रदान कर उनके समग्र विकास करने पर बल दिया गया।
गुणवत्ता पूर्ण शिक्षा और विकास को बढ़ावा
इनके अलावा विज्ञान, गणित, टेक्नोलॉजी, इंजीनियरिंग, खगोल विज्ञान, पर्यावरण सरंक्षण पशु पक्षियों सरंक्षण आदि विषयों पर आधारित प्रशिक्षण प्रदान करते हुए शैक्षणिक भ्रमण कराया गया। इस कार्यशाला का उद्देश्य विद्यालयों में गुणवत्ता पूर्ण शिक्षा और विकास को बढ़ावा देना है। सौ एकड़ में फैले अनुसंधान संस्थान पुणे किसी जादुई दुनियां से कम नहीं है, क्योंकि यहां के डीन, प्रोफेसर, शोध कर्ताओं, अध्ययन रत छात्राओं के द्वारा जादुई तरीके से सभी विषयों को सहायक सामग्री, प्रयोग और गतिविधियों के माध्यम सिखाया गया, जो बहुत ही शिक्षा प्रद रहा। उपरोक्त कार्यशाला अनुसंधान संस्थान पुणे और समग्र शिक्षा छत्तीसगढ़ शासन उच्च शिक्षा विभाग के तत्वाधान एवं बसंत वर्मा, अधिकारी एस सी ई आर टी रायपुर के कुशल मार्गदर्शन में संपन्न हुआ। सभी शिक्षक शिक्षिकाएं इस कार्यशाला से बहुत प्रभावित हुए।