A PHP Error was encountered

Severity: Warning

Message: Undefined variable $summary

Filename: widgets/story.php

Line Number: 3

Backtrace:

File: /content/websites/front-hbm/application/views/themes/mobile/widgets/story.php
Line: 3
Function: _error_handler

File: /content/websites/front-hbm/application/views/themes/amp/story.php
Line: 39
Function: view

File: /content/websites/front-hbm/application/libraries/Sukant.php
Line: 507
Function: view

File: /content/websites/front-hbm/application/libraries/Sukant.php
Line: 341
Function: loadAmpTheme

File: /content/websites/front-hbm/application/controllers/Content.php
Line: 303
Function: contentStorypageAmp

File: /content/websites/front-hbm/index.php
Line: 319
Function: require_once

Myanmar Updates After Earthquake: म्यांमार और पड़ोसी थाईलैंड के कुछ हिस्सों में आए भीषण भूकंप ने तबाही मचा दी है और मरने वालों की संख्या में भी इजाफा हुआ है। शनिवार (29 मार्च) शाम को म्यांमार और थाईलैंड में मरने वालों की संख्या 1,600 को पार कर गई, जिसमें अकेले म्यांमार में 1,644 लोग मारे गए। जबकि, 3,400 से अधिक लोग घायल हैं।

भूकंप के झटके म्यांमार, थाईलैंड और भारत सहित 5 देशों में महसूस किए गए। थाईलैंड में भी करीब 10 लोगों की मौत हुई है। बैंकॉक में इमारत ढहने से 9 लोगों की मौत हो गई। म्यांमार में लोग डरे हुए हैं। वहां रहे भारतीय स्वदेश लौट रहे हैं। बताया कि स्थिति अब सामान्य है, लेकिन सरकार ने आपातकाल लगा दिया है। 

हर तरफ मलबे के ढेर और टूटी सड़कें
अमेरिकी भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (यूएसजीएस) ने दावा किया कि मृतकों की संख्या 1,600 से अधिक है। ग्लोबल न्यू लाइट ऑफ म्यांमार के मुताबिक, 5 शहरों और कई कस्बों में इमारतें गिरी हैं। दो प्रमुख पुल भी ढह चुके हैं। हर तरफ मलबे के ढेर, टूटी सड़कें और ढही इमारतें मौत का मंजर बयां कर रही हैं। अस्पतालों में जरूरतमंदों को खून नहीं मिल पा रहा। 

बढ़ सकती है मृतकों की संख्या 
म्यांमार की राज्य प्रशासन परिषद ने बताया कि शुक्रवार को म्यांमार में 7.7 तीव्रता के भूकंप आया था। इसमें करीब 144 लोग मारे गए हैं। 732 घायल हो गए। मृतकों की संख्या बढ़ सकती है। यह आंकड़ा 1,000 तक पहुंच सकता है। म्यांमार की राज्य प्रशासन परिषद के अध्यक्ष वरिष्ठ जनरल मिन आंग ह्लाइंग ने कहा, पी ताव में 96, सागाइंग में 18 और क्याउक्से में 30 लोगों के मौत की पुष्टि हुई है। 

इनफिनिटी पूल से अचानक गिरने लगा पानी 
बैंकॉक से लौटे सफ़दर ने बताया कि भूकंप के समय मैं सड़क पर चल रहा था, तभी अचानक एक इनफिनिटी पूल से पानी गिरने लगा। लोग डर गए कि कहीं बिल्डिंग न गिर जाए, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। कुछ घंटों के लिए सार्वजनिक परिवहन बंद कर दिया गया था। अब तो स्थिति में काफी सुधार है। 

मेट्रो बंद, मॉल-दफ़्तर भी कराए खाली 
बैंकॉक से लौटे रंजन बनर्जी ने बताया कि स्थिति अभी सामान्य है, लेकिन हादसे के वक्त हालात बहुत गंभीर थे। मॉल और दफ़्तर खाली करवा दिए गए। मेट्रो रेल बंद कर दिया गया। डर के चलते लोग यहां वहां भाग रहे थे। 

6 घंटे सड़क पर बैठे रहे
बैंकॉक से आए आलोक मित्तल ने बताया कि स्थिति बहुत खतरनाक थी। सौभाग्य से हम लोग मॉल के ग्राउंड फ्लोर पर थे। भूकंप के बाद सभी दुकानदार मॉल से बाहर निकल आए। करीब 6 घंटे तक सभी लोग सड़कों पर बैठे रहे। इसके बाद हमने फ्लाइट बुक की और वापस भारत लौट आए। 


 

भारत ने भेजी यह राहत सामाग्री 
भारत ने AFS हिंडन से IAF सी 130 जे विमान से 15 टन राहत सामग्री म्यांमार भेजी है। इसमें टेंट, स्लीपिंग बैग, कंबल, भोजन सामग्री, वाटर प्यूरीफायर, हाइजीन किट, सोलर लैंप, जनरेटर सेट सहित आवश्यक दवाएं जैसे पैरासिटामोल, एंटीबायोटिक्स, कैनुला, सीरिंज, दस्ताने, कॉटन बैंडेज और मूत्र बैग शामिल हैं।

एलॉन मस्क ने की मदद की पेशकश 
आपदा की इस स्थिति में अमेरिकी उद्योगपति एलॉन मस्क ने भी मदद की पेशकश की है। कहा, स्पेसएक्स की टीम संचार जरूरतों और राहत प्रयासों में मदद के लिए स्टारलिंक किट प्रदान करने को तैयार है। मस्क ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट लिखकर कहा-थाईलैंड और म्यांमार में भूकंप से हुए नुकसान को लेकर बहुत दुखी हूं।  

भारतीय दूतावास ने जारी किया हेल्पलाइन नंबर 
बैंकॉक में भारतीय दूतावास ने भूकंप प्रभावितों की मदद के लिए इमरजेंसी नंबर जारी किया है। वह +66 618819218 नंबर पर कभी भी संपर्क कर सकते हैं। थाई अधिकारियों के समन्वय से दूतावास स्थितियों पर बारीकी से नजर बनाए हुए है। अब तक किसी भारतीय नागरिक से जुड़ी कोई अप्रिय घटना सामने नहीं आई।