Narmada Abhishek Viral Video: मध्यप्रदेश के सीहोर जिले का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल है। वीडियो में हजारों लोग मां नर्मदा का 11 हजार लीटर दूध से अभिषेक कर रहे हैं। वीडियो को देख कुछ लोग संसाधनों की बर्बादी का मुद्दा उठा रहे हैं वहीं दूसरी ओर कुछ लोग इसे आस्था का विषय बता रहे हैं।
दरअसल वीडियो सीहोर के भैरुन्दा क्षेत्र के सातदेव गांव का है। यहां के पातालेश्वर मंदिर में महायज्ञ का आयोजन 18 मार्च से 7 अप्रैल तक हुआ था। महायज्ञ के समापन पर हजारों भक्त इकठ्ठा हुए थे। इस मौके पर एक टैंकर से 11 हजार लीटर दूध मां नर्मदा को अर्पित किया गया। इस पूरे कार्यक्रम का ड्रोन वीडियो सोशल मीडिया पर डाला गया। आयोजकों के अनुसार, यह मां नर्मदा की आराधना और लोगों की सुख-समृद्धि के लिए किया गया था। स्थानीय मान्यताओं के अनुसार यह सप्तऋषियों की प्राचीन तपोभूमि है। भगवान शिव के यहां प्रकट होने की भी मान्यता प्रचलित है।
हवन में हुआ 40 टन सामग्री का उपयोग
पातालेश्वर मंदिर में बीते 21 दिन से महायज्ञ हो रहा था। 40 टन से अधिक सामग्री का उपयोग हवन में किया गया था। समापन समारोह में 21 हजार दीप जलाकर महाआरती की गई थी। इस तरह आयोजन भव्य तरीके से किया गया था।
ड्रोन वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल
इस आयोजन का ड्रोन वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल है। हजारों लीटर दूध नर्मदा नदी में बहाए जाने से कई लोग हैरान भी हैं। एक सोशल मीडिया यूजर ने लिखा कि, नर्मदा जी में 11 हजार लीटर दूध चढ़ाया गया। जिन्हें इससे समस्या हो रही है वो दूध खरीदें और गरीबों में बांट दें।'
वहीं एक अन्य यूजर ने लिखा कि, 'इस दूध से मछलियों और अन्य जलीय जीव की दम घुटने से मौत होगी और दूध के सड़ने पर हानिकारक बैक्टीरिया को जन्म देता है। ये धर्म के नाम पर मूर्खता है - लाखों जलीय जीव के जीवन को खतरे में डालना धर्म कैसे हुआ?'
बताया जा रहा है कि, आयोजन श्री धूनीवाले दादाजी महाराज के सानिध्य में हुआ है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, रोजाना यहां 151 लीटर दूध से मां नर्मदा का अभिषेक किया जाता था। विशेष दिन पर 1100 लीटर दूध से अभिषेक होता था। समापन के अवसर पर आयोजन को भव्य बनाने के लिए 11 हजार लीटर से अभिषेक किया गया। आयोजकों का कहना है कि, यह परंपरा बरसों से चली आ रही है।
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