MP Board 10th Topper 2026: सरस्वती ज्ञान मंदिर गुनौर की छात्रा प्रतिभा सिंह सोलंकी ने हाई स्कूल परीक्षा 2026 में 500 में से 499 अंक हासिल कर प्रदेश में पहला स्थान प्राप्त किया है।

10th Topper Pratibha Singh Solanki: पन्ना जिले की एक छात्रा ने इस साल मध्यप्रदेश बोर्ड परीक्षा में इतिहास रच दिया। सरस्वती ज्ञान मंदिर गुनौर की छात्रा प्रतिभा सिंह सोलंकी ने हाई स्कूल परीक्षा 2026 में 500 में से 499 अंक हासिल कर प्रदेश में पहला स्थान प्राप्त किया है। अपनी इस शानदार सफलता के बाद प्रतिभा ने कहा कि वह अब UPSC की तैयारी शुरू करेंगी और आगे चलकर IAS ऑफिसर बनना चाहती हैं।

एक इंटरव्यू में प्रतिभा सोलंकी ने बताया कि, 'वे अभी से UPSC की तैयारी शुरू कर देंगी। उन्होंने कहा कि, मैं IAS ऑफिसर बनना चाहती हूं।' प्रतिभा सोलंकी द्वारा 10वीं में टॉप किए जाने से उनके परिजन और शिक्षक बेहद खुश हैं। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने खुद उनकी तारीफ की है।

जानिए प्रतिभा का 1 नंबर कैसे कटा
पन्ना की प्रतिभा सिंह सोलंकी के 500 में से 499 अंक आए हैं। उनके हर सब्जेक्ट में डिस्टिंक्शन हैं। केवल 1 अंक कटने से उनके 100 परसेंट नहीं आए। इस बार बेस्ट फाइव सब्जेक्ट के नंबर जुड़ रहे है। एडिशनल सब्जेक्ट के नंबर फाइनल मार्क्स में नहीं जुड़ेंगे।

प्रतिभा सिंह सोलंकी का स्कोर कार्ड
हिंदी - 100
इंग्लिश - 99
संस्कृत - 98
गणित - 100
विज्ञान - 100
सोशल साइंस - 100

कक्षा 10वीं के टॉपर की लिस्ट
प्रतिभा सिंह सोलंकी (पन्ना) - 499 
अक्षरा घोड़ेश्वर (बालाघाट) - 498
अभय गुप्ता (सीधी) - 498
योगेंद्र सिंह परमार (शहडोल) - 497
अनन्या वर्मा (सीधी) - 497
शिवम बोपेचे (बालाघाट) - 497
अर्जुन सिंह राजपूत (पन्ना) - 497
अवनीश कुमार नाई (सिंगरौली) - 497
हिमांशी धाकड़ (भोपाल) - 497
निकिता फरकासे (छिंदवाड़ा) - 497

मेरिट लिस्ट में छात्राओं का दबदबा
इस बार दसवीं का कुल उत्तीर्ण प्रतिशत 73.42% रहा। 69.31 प्रतिशत छात्र और 77.52 प्रतिशत छात्राएं उत्तीर्ण हुईं। इस साल छात्रों की मेरिट लिस्ट में छात्राओं का दबदबा रहा। 378 छात्रों की मेरिट लिस्ट में 235 छात्राएं हैं।

जनजातीय जिलों ने मारी बाजी
सर्वाधिक पास प्रतिशत के मामले में जनजातीय जिलों ने बाजी मारी है। 93.85 प्रतिशत के साथ अनूपपुर जिला प्रथम स्थान पर तथा 92.14 पास प्रतिशत के साथ अलीराजपुर जिला द्वितीय स्थान पर है।

सरकारी स्कूल प्राइवेट से बेहतर
सरकारी स्कूलों का परीक्षाफल निजी स्कूलों की तुलना में बेहतर रहा है। शासकीय विद्यालयों का परीक्षाफल 76.80 प्रतिशत एवं अशासकीय विद्यालयों का 68.64 प्रतिशत रहा है।