ग्वालियर। मध्य प्रदेश के ग्वालियर में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। अब तक जिस युवक की मौत को आत्महत्या माना जा रहा था, वह वास्तव में सोच-समझकर की गई हत्या थी। 27 वर्षीय युवक की मौत के पीछे उसके ही पिता और भाई का हाथ सामने आया है। यह घटना नाका चंद्रवदनी क्षेत्र की एक गली की है, जिसने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया है।
हत्या को आत्महत्या का रूप देने की कोशिश
प्रारंभिक जानकारी में बताया गया था कि युवक रिंकू यादव ने फांसी लगाकर जान दे दी। इसी आधार पर पुलिस ने शुरुआत में मामला दर्ज किया था। लेकिन बाद में परिस्थितियों और जांच के दौरान कई संदेहास्पद तथ्य सामने आए, जिससे केस की दिशा बदल गई। परिजनों ने पुलिस को इसे आत्महत्या बताया था। हालांकि, घटनास्थल की स्थिति और कुछ अन्य पहलुओं ने पुलिस को गहराई से जांच करने के लिए प्रेरित किया तो सच्चाई सामने आ गई।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद खुला राज
मामले में सबसे बड़ा मोड़ पोस्टमार्टम रिपोर्ट से आया। रिपोर्ट में स्पष्ट हुआ कि युवक की मौत फांसी से नहीं, बल्कि गला दबाने से हुई थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में जब यह सामने आया कि उसकी मौत दम घुटने से हुई, तो आत्महत्या की कहानी पर सवाल उठने लगे। पुलिस ने परिजनों से दोबारा पूछताछ की। इस दौरान पिता राजू यादव और भाई गौरव यादव के बयान में विरोधाभास सामने आया, जिससे शक और गहरा गया। कड़ी पूछताछ में दोनों ने अपराध स्वीकार कर लिया।
नशा और घरेलू विवाद बना हत्या की वजह
पूछताछ में सामने आया कि मृतक युवक अक्सर नशे की हालत में घर आता था और परिवार के साथ विवाद करता था। घटना वाले दिन भी वह शराब के नशे में आया और घर में हंगामा करने लगा। इसी दौरान उसने परिवार के साथ मारपीट भी की। इसी व्यवहार से परेशान होकर पिता और भाई ने मिलकर उसे काबू किया और उसकी हत्या कर दी। बाद में मामले को छिपाने के लिए शव को फांसी पर लटका दिया ताकि इसे आत्महत्या साबित किया जा सके।
आरोपी पिता-भाई गिरफ्तार, जांच जारी
पुलिस ने पिता और भाई दोनों को गिरफ्तार कर लिया है। उनके खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया गया है। पहले जो मामला आत्महत्या के रूप में दर्ज हुआ था, उसे अब हत्या में बदल दिया गया है। दोनों आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। पुलिस अब इस मामले के अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है, ताकि पूरी सच्चाई सामने आ सके।