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Haryana Government hikes Pension: हरियाणा में बीजेपी ने आगामी विधानसभा चुनावों को लेकर तैयारी शुरू कर दी है। चुनाव से पहले सीएम नायब सैनी बड़ी-बड़ी घोषणाएं कर रहे हैं। मंगलवार को सीएम ने तीन कैटेगरी में दी जाने वाली पेंशन की राशि बढ़ाने का ऐलान किया है। ये नई पेंशन की दरें 1 जुलाई से लागू हो जाएगी। इसकी जानकारी सीएम ने अपने एक्स अकाउंट पर ट्वीट कर दी है।
दरअसल, सीएम नायब सैनी ने प्रदेश में रहने वाले स्वतंत्रता सेनानियों और उनके आश्रितों को दी जाने वाली पेंशन राशि बढ़ाने का ऐलान किया है। सीएम ने कहा कि एक जुलाई से स्वतंत्रता सेनानियों और उनके आश्रितों को 25 हजार रुपये प्रति माह की जगह अब 40 हजार रुपये की पेंशन हर महीने दी जाएगी। इसके साथ ही आपातकाल पीड़ितों और मातृभाषा सत्याग्रहियों की मासिक पेंशन में भी बढ़ोतरी की गई है। अब उन्हें 20 हजार रुपये की पेंशन हर महीने दी जाएगी। 

हरियाणा में अक्टूबर में होने है विधानसभा चुनाव 
बता दें कि ये घोषणाएं ऐसे समय में हुई हैं। जब हरियाणा में अक्टूबर महीने में विधानसभा चुनाव होने हैं। हरियाणा में बीजेपी तीसरी बार सत्ता में आने का दावा कर रही है। यही वजह है कि चुनाव से पहले बड़ी-बड़ी घोषणाएं की जा रही है। इससे पहले प्रदेश के पूर्व सीएम मनोहर लाल खट्टर ने भी पिछले साल अक्टूबर में 1957 के 'हिंदी आंदोलन' में हिस्सा लेने वाले 'मातृभाषा सत्याग्रहियों' और आपातकाल के 'पीड़ितों' के लिए पेंशन राशि 10 हजार रुपये से बढ़ाकर 15 हजार रुपए करने की घोषणा की थी। 

बीजेपी ने सात साल पहले पेंशन देने का किया था फैसला 

बता दें कि 1957 में, तत्कालीन पंजाब के हिंदी भाषी हिस्सों के कई लोगों ने अपनी मातृभाषा के सम्मान और प्रचार के धर्मयुद्ध चलाया। उन्हें 'मातृभाषा सत्याग्रही' के नाम से जाना जाता है। करीब सात साल पहले, हरियाणा की बीजेपी सरकार ने राज्य के उन निवासियों को मासिक पेंशन देने का फैसला किया था जो जून 1975 से मार्च 1977 के बीच आपातकाल के दिनों में 'पीड़ित' थे और जेल गए थे। आपातकाल की 49वीं बरसी पर मुख्यमंत्री नायब सैनी ने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान उन्होंने कांग्रेस पर भी हमला बोला।