A PHP Error was encountered

Severity: Warning

Message: Undefined variable $summary

Filename: widgets/story.php

Line Number: 3

Backtrace:

File: /content/websites/front-hbm/application/views/themes/mobile/widgets/story.php
Line: 3
Function: _error_handler

File: /content/websites/front-hbm/application/views/themes/amp/story.php
Line: 39
Function: view

File: /content/websites/front-hbm/application/libraries/Sukant.php
Line: 507
Function: view

File: /content/websites/front-hbm/application/libraries/Sukant.php
Line: 341
Function: loadAmpTheme

File: /content/websites/front-hbm/application/controllers/Content.php
Line: 303
Function: contentStorypageAmp

File: /content/websites/front-hbm/index.php
Line: 319
Function: require_once

राजा शर्मा-डोंगरगढ़। छत्तीसगढ़ के  डोंगरगढ़ स्थित जैन तीर्थ चंद्रगिरी तीर्थस्थल में आयोजित समाधि स्मारक महोत्सव के समापन में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने शामिल हुए। इस दौरान शाह ने आचार्य श्री विद्यासागर जी महाराज की समाधि स्थल पहुंचकर आशीर्वाद प्राप्त किया। साथ ही उन्होंने आचार्य श्री के चित्र वाले सौ रुपये का सिक्का जारी किया। इसके अलावा आचार्य श्री के समाधि स्मारक का भूमिपूजन किया। 

आचार्य विद्यासागर जी महाराज ने धर्मनगरी डोंगरगढ़ में ना सिर्फ कई चातुर्मास बिताए बल्कि अपने जीवन के अंतिम समय के लिए भी इस पवित्र चंद्रगिरी तीर्थ स्थल का चयन किया और अपने शरीर त्याग कर 17 फरवरी को ब्रम्हलीन हो गए। उनके पुण्यतिथि को एक वर्ष पूर्ण होने पर जैन समाज के की ओर से 1 फरवरी से 6 फरवरी तक समाधि स्मारक महोत्सव आयोजित किया गया। 

आचार्य श्री के चित्र वाले सिक्के को जारी करते हुए गृहमंत्री अमित शाह

आचार्य श्री के चित्र वाले सौ रुपये का सिक्का जारी 

अमित शाह ने विद्यासागर जी महाराज के चित्र वाले 100 रुपये के सिक्का और पुस्तक का विमोचन भी किया गया। वहीं डाक विभाग की तरफ से जारी विशेष कवर विद्याकन का अनावरण भी किया गया। साथ ही प्रतिभास्थली विद्योदय ज्ञानपीठ रोजगार उन्मुखी निःशुल्क कन्या विद्यालय कारोपानी डिंडौरी मध्यप्रदेश का डिजिटल लोकार्पण किया गया। विनयांजलि प्रतिभामंडल न्यास जबलपुर में 900 बालिकाओं को निःशुल्क शिक्षा व रोजगार प्रदान करने वाले विद्योदय का लोकार्पण किया।

आचार्य श्री ने अपने विचारों को धरातल पर उतारा - शाह 

गृहमंत्री अमित शाह ने कहा कि, आचार्य श्री विद्यासागर जी भारत को इंडिया मत बनाओ भारत को भारत ही रहने दो कहते थे। यह बात मोदी जी तक पहुंच गई और उन्होंने प्रस्ताव पास कर इंडिया को भारत बना दिया। उन्होंने कहा था कि, भारत के लोग बहुत भाग्यशाली हैं जिन्हें मोदी जी जैसा प्रधानमंत्री और अमित शाह जैसा गृह मंत्री मिला है।

मैं भी आचार्य श्री का अनुयायी हूं

जब गुलामी का कालखंड था तब संतो ने भक्ति की ज्योत जलाए रखे। विद्यासागर जी महाराज एक मात्र ऐसे संत थे जिन्होंने मातृभाषा को पकड़कर रखा। हर जगह पैदल चलकर त्याग की पराकाष्ठा दी। उन्होंने सिखाया कि, हमारी संस्कृति ही हमारी पहचान है। उनके अनुयायियों की फौज में मैं भी एक अनुयायी हूँ। इस स्थान को इतना भव्य बनाइये कि यह स्थान पूरे विश्व मे प्रतिस्थापित हो। 

जैनत्व को आध्यात्मिक ऊर्जा से प्रकाशवान किया 

केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने कहा कि, आचार्य श्री ने अपनी इच्छा शक्ति से जैनत्व को भी आध्यात्मिक ऊर्जा से प्रकाशवान किया। मैंने पीएम मोदी से पांच रुपए का एक कवर लिफाफा जारी करने की मांग की थी। जिसके बाद उन्होंने बिना देर किए कहा कि, आप आगे बढिए मुझे विश्वास है यह स्थान युगों- युगों तक उनके सिद्धांत और उपदेशों के प्रचार का केन्द्र बनकर रहेगा। उनकी समाधि का विद्यातन रखा गया है। 108 पदचिन्हों का भी विमोचन किया गया है। 

पुस्तक विमोचन करते हुए गृहमंत्री अमित शाह और सीएम साय समेत तमाम मंत्री

आचार्य श्री युग पुरुष थे 

गृहमंत्री अमित शाह ने कहा कि, जिस भूमि को उन्होंने अपने अंतिम समय के लिए चुना उस पवित्र भूमि में एक वर्ष बाद मैं श्रंद्धाजलि देने आया हूं। वो केवल एक जैनाचार्य नहीं थे बल्कि एक युग पुरुष थे। वो अपने कर्म से धर्म के साथ साथ देश की पहचान को व्याख्याति करने का कार्य किया। मैं कई बार उनके सानिध्य में बैठा। जीवन के अंतिम समय तक तपस्या का मार्ग नहीं त्यागा।