रायपुर। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की अध्यक्षता में हुई बैठक में वामपंथी उग्रवाद (LWE), छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद की स्थिति और बस्तर के विकास पर चर्चा हुई। श्री शाह इस दौरान ने कई विभागों की समीक्षा भी की। बैठक में राज्य और नक्सल प्रभावित प्रदेशों के आला- अधिकारी मौजूद रहे।
बस्तर को आदिवासी संभाग बनाने और बस्तर को आदिवासी संभाग बनाने पर भी चर्चा हुई। इसके अलावा नक्सल नेटवर्क तोड़ने, नक्सलियों का आत्मसमर्पण बढ़ाने, प्रभावित इलाकों में विकास कार्य और इंफ्रास्ट्रक्चर पर भी चर्चा हुई। इस बैठक में राज्य और नक्सल प्रभावित प्रदेशों के आला- अधिकारी मौजूद रहे।
आज रायपुर में छत्तीसगढ़ सरकार व अधिकारियों के साथ नक्सलविरोधी अभियानों पर समीक्षा बैठक की।
— Amit Shah (@AmitShah) February 8, 2026
सिक्योरिटी सेंट्रिक स्ट्रेटजी, इंफ्रास्ट्रक्चर, नक्सल फाइनेंशियल नेटवर्क पर प्रहार व आत्मसमर्पण नीति के सकारात्मक परिणाम आए हैं और इस 31 मार्च से पहले नक्सलवाद पूरी तरह समाप्त हो रहा है। pic.twitter.com/QF2a1ZnwhY
ये आला- अधिकारी रहे मौजूद
बैठक में केन्द्रीय गृह सचिव, आसूचना ब्यूरो (IB) के निदेशक, गृह मंत्रालय के विशेष सचिव (आंतरिक सुरक्षा), केन्द्रीय रिजर्व पुलिस बल, सीमा सुरक्षा बल, ITBP के अधिकारियों के साथ राष्ट्रीय जांच एजेंसी के महानिदेशक और छत्तीसगढ़, ओडिशा, महाराष्ट्र, झारखंड और तेलंगाना के पुलिस महानिदेशक सहित कई वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे।










