A PHP Error was encountered
Severity: Warning
Message: Undefined variable $summary
Filename: widgets/story.php
Line Number: 3
Backtrace:
File: /content/websites/front-hbm/application/views/themes/mobile/widgets/story.php
Line: 3
Function: _error_handler
File: /content/websites/front-hbm/application/views/themes/amp/story.php
Line: 39
Function: view
File: /content/websites/front-hbm/application/libraries/Sukant.php
Line: 507
Function: view
File: /content/websites/front-hbm/application/libraries/Sukant.php
Line: 341
Function: loadAmpTheme
File: /content/websites/front-hbm/application/controllers/Content.php
Line: 303
Function: contentStorypageAmp
File: /content/websites/front-hbm/index.php
Line: 319
Function: require_once
सुकमा। छत्तीसगढ़ में नक्सलियों पर सुरक्षाबलों द्वारा ताबतोड़ एक्शन जारी है। इसी कड़ी में मंगलवार को नक्सलियों की दक्षिण बस्तर डिविजन कमेटी के सचिव गंगा ने प्रेस नोट जारी किया है। जिसमें डीआरजी और अर्धसैनिक बलों पर संयुक्त रूप से हमला कर 47 से अधिक साधारण नागरिकों को गिरफ्तार करने का आरोप लगाया है और उन्हें बिना शर्त के रिहा करने की मांग की है।
पुलिस की गोली से घायल हुआ ग्रामीण
गंगा द्वारा जारी किए गए प्रेस नोट में लिखा है कि, ऑपरेशन कगार के अंतर्गत केंद्रीय अर्ध सैनिक बल, ज़िला पुलिस और डीआरजी के जवानों द्वारा संयुक्त रूप से बीते 3 मई को सुकमा जिले के जगरगुंडा चिंतलनार थाना इलाकों के रायगुड़ा, चिन्ना, बोड़केल, पेद्गा, बोड़केल, तुम्मलपाड़, सुरपनगुड़ा, तिम्मापुरम, जोन्नागुड़ा और अलिगुड़ा गांवों पर रातों रात हमला किया गया था। जहां चिन्ना बोड़केल रायगुड़ा के पास एकतरफा अंधाधुंध फायरिंग की गयी थी। इस फायरिंग में एक ग्रामीण को हाथ में गोली लगने से वह घायल भी हुआ है।
पुलिस का मुठभेड़ का दावा झूठा
नक्सलियों की माओ सचिव गंगा ने आगे लिखा है कि, पुलिस बलों ने नक्सलियों के साथ मुठभेड़ होने का दावा किया है वो झूठा है। उस वक़्त वहां कोई PLGA दस्ता मौजूद नहीं था। इन गांवों से लगभग 47 से अधिक साधारण खेती किसानी करने वाले ग्रामीण जिनका पार्टी से कोई संबंध नहीं है। उन्हें गिरफ्तार करके सुकमा ले जाया गया है। साथ ही उसने रायगुड़ा के निर्दोष माड़वी, बुधरी मड़कम, दामा जोगी, कोसी जोगा को बेदम पिटाई करने और महिलाओं के साथ छेड़छोड़ करने का भी आरोप लगाया है।
रिश्तेदारों के यहां आये लोगों को ले गई पुलिस
नक्सली गंगा ने आगे लिखा है कि, तुम्माल गांव के 12 पेद्दा बोड़केल गांव के 2 और रायगुड़ा गांव के 5 और 3 अन्य लोग जो तेलंगाना से रायगुड़ा अपने रिश्तेदारों के यहां आए थे। उन्हें भी पुलिस और डीआरजी जवान गिरफ़्तार करके अपने साथ ले गए हैं। माओ सचिव ने आगे लिखा है कि, 78 घंटे बीत जाने के बाद भी इन सभी का कोई पता नहीं है।
पुलिस ग्रामीणों को हिरासत में दे रही यातनाएं
उसने आगे लिखा कि, ऐसे में अपनों को लेकर सभी को चिंतित है कि, कहीं मुठभेड़ के नाम से हत्या या फर्जी गिरफ्तारी ना कर दी जाये। पुलिस प्रशासन उन्हें हिरासत में रखकर कड़ी पूछताछ करते हुए उन्हें यातनाएं दे रहा है। गंगा ने संभावना जताते हुए कहा कि, अगले दिनों में फर्जी मुकदमा लगाकर जेल में ठूंस देंगी या फर्जी आत्मसमर्पण दिखाएगी।
